क्या आप जानते हैं वसा और तेल में अन्तर?
Wednesday - August 1, 2018 10:44 am ,
Category : WTN HINDI
भैतिक अवस्थाओं में पाया जाता है वसा और तेल में अन्तर
AUG 01 (WTN) - आपने कई बार वसा और तेल के बारे में सुना होगा। लेकिन क्या आप वसा और तेल के बीच के अन्तर को जानते हैं? यदि नहीं जानते हैं, तो हम आपको बताते हैं कि वसा और तेल के बीच क्या अन्तर होता है?
वसा और तेल के बीच मुख्य अन्तर यह है कि वसा आमतौर पर जानवरों से प्राप्त होता है, जबकि तेल आमतौर पर पौधों से प्राप्त होता है। मानव शरीर के लिए वसा और तेल दोनों ही बहुत महत्वपूर्ण हैं। यह दोनों ही मुख्य रूप से दैनिक आहार में सन्तुलित रूप में होना चाहिए।
वसा और तेल में भौतिक अन्तर भी होता है। सामान्य शब्दों में कहें तो वसा कमरे के तापमान पर ठोस होते है, जबकि तेल कमरे के तापमान पर तरल होते हैं।
वास्तव में वसा और तेल दोनों एक ही वर्ग के सदस्य हैं। लेकिन इनमें मुख्य अन्तर इनकी भौतिक अवस्थाओं में ही पाया जाता है। साधारण ताप पर जो ग्लिसराइड ठोस अवस्था में पाये जाते हैं वे वसा कहलाते हैं, और जो ग्लिसराइड द्रव्य अवस्था में पाये जाते हैं उन्हें तेल कहा जाता है।
वसा और तेल में अन्तर उनके गलनांकों के आधार पर भी किया जाता है। जिन ग्लिसराइडों का गलनांक 20 डिग्री सेल्सियस से ज़्यादा होता है वे वसा कहलाते हैं। जबकि जिन गिल्सराइडों का गलनांक 20 डिग्री सेल्सियस से कम होता है वे तेल कहलाते हैं।
AUG 01 (WTN) - आपने कई बार वसा और तेल के बारे में सुना होगा। लेकिन क्या आप वसा और तेल के बीच के अन्तर को जानते हैं? यदि नहीं जानते हैं, तो हम आपको बताते हैं कि वसा और तेल के बीच क्या अन्तर होता है?
वसा और तेल के बीच मुख्य अन्तर यह है कि वसा आमतौर पर जानवरों से प्राप्त होता है, जबकि तेल आमतौर पर पौधों से प्राप्त होता है। मानव शरीर के लिए वसा और तेल दोनों ही बहुत महत्वपूर्ण हैं। यह दोनों ही मुख्य रूप से दैनिक आहार में सन्तुलित रूप में होना चाहिए।
वसा और तेल में भौतिक अन्तर भी होता है। सामान्य शब्दों में कहें तो वसा कमरे के तापमान पर ठोस होते है, जबकि तेल कमरे के तापमान पर तरल होते हैं।
वास्तव में वसा और तेल दोनों एक ही वर्ग के सदस्य हैं। लेकिन इनमें मुख्य अन्तर इनकी भौतिक अवस्थाओं में ही पाया जाता है। साधारण ताप पर जो ग्लिसराइड ठोस अवस्था में पाये जाते हैं वे वसा कहलाते हैं, और जो ग्लिसराइड द्रव्य अवस्था में पाये जाते हैं उन्हें तेल कहा जाता है।
वसा और तेल में अन्तर उनके गलनांकों के आधार पर भी किया जाता है। जिन ग्लिसराइडों का गलनांक 20 डिग्री सेल्सियस से ज़्यादा होता है वे वसा कहलाते हैं। जबकि जिन गिल्सराइडों का गलनांक 20 डिग्री सेल्सियस से कम होता है वे तेल कहलाते हैं।