इन उपायों से दूर होगी निर्धनता
Saturday - August 4, 2018 9:32 am ,
Category : WTN HINDI
आपके जीवन में भी होगी धन सम्पत्ति, यदि आप करेंगे यह उपाय
AUG 04 (WTN) – धन सम्पत्ति की अभिलाषा किसे नहीं होती है। धन कमाना कठिन ना हो, लेकिन धन को अपने पास बनाए रखना जरूरी मुश्किल है। हर किसी के जीवन में एक ना एक बार मां लक्ष्मी प्रसन्न जरूर होती हैं। लेकिन मां लक्ष्मी को खुश रखकर उन्हें अपने घर में आकर्षित करके रखना हर किसी को नहीं आता है। हम आपको बताते हैं कि मां लक्ष्मी को कैसे प्रसन्न रखें।
मान्यता है कि मां लक्ष्मी को धन, भाग्य, प्रेम और सौन्दर्य की देवी के रूप में पहचाना जाता है। मां लक्ष्मी चंचल हैं, यानि वे एक जगह पर स्थायी रूप से नहीं रहती हैं।
धर्मग्रंथों में मान्यता है कि मां लक्ष्मी का वास वहीं पर होता है जहां पर स्वच्छता होती है। इसलिए यदि मां लक्ष्मी की कृपा प्राप्त करना है तो अपने घर को हमेशा स्वच्छ रखें। सुबह उठते ही मां लक्ष्मी का आवाहन करना चाहिए। सुबह स्नान करने के बाद हल्दी के पानी को घर के मुख्य दरवाज़े पर छिड़कना चाहिए।
मां लक्ष्मी को प्रसन्न करना है तो शुक्र ग्रह के दोष दूर करना जरूरी है। इसके लिए पूरे मन से शुक्रवार को आप एक छोटा सा उपवास कर सकते हैं। शुक्रवार के दिन दक्षिणवर्ती शंख में जल भरकर भगवान विष्णु का अभिषेक लगातार तीन शुक्रवार तक करना चाहिए, मान्यता है कि ऐसा करने से मां लक्ष्मी प्रसन्न होती हैं।
मां लक्ष्मी को प्रसन्न करने के लिए "ओम शिरिंग शिरिये नमः" मन्त्र का जाप 108 बार करना चाहिए। इस मन्त्र का जाप शुक्रवार से शुरू करके 43 दिनों तक करना चाहिए। जब मंत्र का जाप पूरा हो जाये, तो मां लक्ष्मी को खीर का भोग लगाएं। इसके बाद सात साल की आयु से कम की कन्याओं को, किसी ब्राह्मण या किसी ग़रीब बुज़ुर्ग को श्रद्धापूर्वक भोजन कराएं। ध्यान रहे कि भोजन में खीर और मिश्री जरूर खिलायें।
AUG 04 (WTN) – धन सम्पत्ति की अभिलाषा किसे नहीं होती है। धन कमाना कठिन ना हो, लेकिन धन को अपने पास बनाए रखना जरूरी मुश्किल है। हर किसी के जीवन में एक ना एक बार मां लक्ष्मी प्रसन्न जरूर होती हैं। लेकिन मां लक्ष्मी को खुश रखकर उन्हें अपने घर में आकर्षित करके रखना हर किसी को नहीं आता है। हम आपको बताते हैं कि मां लक्ष्मी को कैसे प्रसन्न रखें।
मान्यता है कि मां लक्ष्मी को धन, भाग्य, प्रेम और सौन्दर्य की देवी के रूप में पहचाना जाता है। मां लक्ष्मी चंचल हैं, यानि वे एक जगह पर स्थायी रूप से नहीं रहती हैं।
धर्मग्रंथों में मान्यता है कि मां लक्ष्मी का वास वहीं पर होता है जहां पर स्वच्छता होती है। इसलिए यदि मां लक्ष्मी की कृपा प्राप्त करना है तो अपने घर को हमेशा स्वच्छ रखें। सुबह उठते ही मां लक्ष्मी का आवाहन करना चाहिए। सुबह स्नान करने के बाद हल्दी के पानी को घर के मुख्य दरवाज़े पर छिड़कना चाहिए।
मां लक्ष्मी को प्रसन्न करना है तो शुक्र ग्रह के दोष दूर करना जरूरी है। इसके लिए पूरे मन से शुक्रवार को आप एक छोटा सा उपवास कर सकते हैं। शुक्रवार के दिन दक्षिणवर्ती शंख में जल भरकर भगवान विष्णु का अभिषेक लगातार तीन शुक्रवार तक करना चाहिए, मान्यता है कि ऐसा करने से मां लक्ष्मी प्रसन्न होती हैं।
मां लक्ष्मी को प्रसन्न करने के लिए "ओम शिरिंग शिरिये नमः" मन्त्र का जाप 108 बार करना चाहिए। इस मन्त्र का जाप शुक्रवार से शुरू करके 43 दिनों तक करना चाहिए। जब मंत्र का जाप पूरा हो जाये, तो मां लक्ष्मी को खीर का भोग लगाएं। इसके बाद सात साल की आयु से कम की कन्याओं को, किसी ब्राह्मण या किसी ग़रीब बुज़ुर्ग को श्रद्धापूर्वक भोजन कराएं। ध्यान रहे कि भोजन में खीर और मिश्री जरूर खिलायें।