राहुल गांधी के ‘करीबी’ ने की आरएसएस के अनुशासन की ‘प्रशंसा’
Tuesday - August 7, 2018 11:00 am ,
Category : WTN HINDI
रीवा के बाद विदिशा में कांग्रेस कार्यकर्ताओं की ‘अनुशासनहीनता’, नाराज दीपक बावरिया ने दिया संघ के ‘अनुशासन’ का उदाहरण
AUG 07 (WTN) – आरएसएस के अनुशासन की प्रशंसा कई बार होती है। लेकिन जब आरएसएस के अनुशासन की प्रशंसा उनके धुर विरोधी करने लगें तो ख़बर तो बनती ही है। इस बार आरएसएस के अनुशासन की प्रशंसा की है कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी के करीबी माने जाने वाले मध्य प्रदेश कांग्रेस प्रभारी दीपक बावरिया ने। जीहां सही पढ़ा आपने, राहुल गांधी के करीबी नेता ने ही की है आरएसएस के अनुशासन की प्रशंसा।
मामला बड़ा दिलचस्प है। दरअसल जब खुद प्रदेश प्रभारी दीपक बावरिया विदिशा में कांग्रेस कार्यकर्ताओं की अनुशासनहीनता के शिकार हुए, तो उनके मुंह से सच्ची बात निकल ही आई। दीपक बावरिया ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं के सम्मेलन में कहा, “आरएसएस के अच्छे पहलुओं की तारीफ़ करने में कोई संकोच नहीं होना चाहिए।“ दीपक बावरिया ने कहा,”पण्डित जवाहरलाल नेहरू ने भी आरएसएस के अनुशासन का प्रयोग चीन के साथ युद्ध के दौरान किया था।“ इतना ही नहीं उन्होंने मातृभूमि के लिए आरएसएस के समर्पण का उदाहरण तक दे दिया।
राहुल गांधी के करीबी यदि संघ की तारीफ़ कर दें तो फिर कांग्रेस का असहज होना स्वाभाविक था। इधर दीपक बावरिया ने संघ के अनुशासन की तारीफ की, उधर कांग्रेस को सफ़ाई देने के लिए सामने आना पड़ा। मीडिया से मिली जानकारी के मुताबिक इस बारे में मध्य प्रदेश कांग्रेस का कहना है कि दीपक बावरिया को आरएसएस के बारे में सही जानकारी नहीं है और नेहरू जी ने कभी भी आरएसएस का उपयोग नहीं किया।
मध्य प्रदेश कांग्रेस लाख तर्क दे लेकिन कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी के करीबी किसी नेता ने यदि संघ के अनुशासन के प्रशंसा की है तो बात में कुछ तो गहराई होगी। दीपक बावरिया कांग्रेसी कार्यकर्ताओं की अनुशासनहीनता को खुद देख चुके हैं तो उनके मुंह से संघ के अनुशासन की तारीफ होना स्वाभाविक था।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि कुछ दिनों पहले रीवा में कुछ कथित कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने दीपक बावरिया के साथ झूमाझटकी की थी, तो कल विदिशा में दीपक बावरिया के सामने कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने आपस में गाली गलौज और झूमाझटकी की। अब जब दीपक बावरिया खुद कांग्रेसी कार्यकर्ताओं की अनुशासनहीनता देख चुके हैं तो उन्हें आरएसएस का अनुशासन याद आना ही था।
एक तरफ राहुल गांधी आरएसएस के खिलाफ मोर्चा खोले रहते हैं तो वहीं दूसरी तरफ उनके करीबी नेता ने ही आरएसएस की तारीफ की है। अब देखना होगा कि इस बारे में खुद राहुल गांधी क्या प्रतिक्रिया देते हैं। यह पहली बार नहीं है कि आरएसएस के अनुशासन की प्रशंसा किसी कांग्रेस नेता ने की है, इससे पहले कई बार, कई नेता आरएसएस के अनुशासन की प्रशंसा कर चुके हैं। खैर अब इंतजार है राहुल गांधी की प्रतिक्रिया का।
AUG 07 (WTN) – आरएसएस के अनुशासन की प्रशंसा कई बार होती है। लेकिन जब आरएसएस के अनुशासन की प्रशंसा उनके धुर विरोधी करने लगें तो ख़बर तो बनती ही है। इस बार आरएसएस के अनुशासन की प्रशंसा की है कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी के करीबी माने जाने वाले मध्य प्रदेश कांग्रेस प्रभारी दीपक बावरिया ने। जीहां सही पढ़ा आपने, राहुल गांधी के करीबी नेता ने ही की है आरएसएस के अनुशासन की प्रशंसा।
मामला बड़ा दिलचस्प है। दरअसल जब खुद प्रदेश प्रभारी दीपक बावरिया विदिशा में कांग्रेस कार्यकर्ताओं की अनुशासनहीनता के शिकार हुए, तो उनके मुंह से सच्ची बात निकल ही आई। दीपक बावरिया ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं के सम्मेलन में कहा, “आरएसएस के अच्छे पहलुओं की तारीफ़ करने में कोई संकोच नहीं होना चाहिए।“ दीपक बावरिया ने कहा,”पण्डित जवाहरलाल नेहरू ने भी आरएसएस के अनुशासन का प्रयोग चीन के साथ युद्ध के दौरान किया था।“ इतना ही नहीं उन्होंने मातृभूमि के लिए आरएसएस के समर्पण का उदाहरण तक दे दिया।
राहुल गांधी के करीबी यदि संघ की तारीफ़ कर दें तो फिर कांग्रेस का असहज होना स्वाभाविक था। इधर दीपक बावरिया ने संघ के अनुशासन की तारीफ की, उधर कांग्रेस को सफ़ाई देने के लिए सामने आना पड़ा। मीडिया से मिली जानकारी के मुताबिक इस बारे में मध्य प्रदेश कांग्रेस का कहना है कि दीपक बावरिया को आरएसएस के बारे में सही जानकारी नहीं है और नेहरू जी ने कभी भी आरएसएस का उपयोग नहीं किया।
मध्य प्रदेश कांग्रेस लाख तर्क दे लेकिन कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी के करीबी किसी नेता ने यदि संघ के अनुशासन के प्रशंसा की है तो बात में कुछ तो गहराई होगी। दीपक बावरिया कांग्रेसी कार्यकर्ताओं की अनुशासनहीनता को खुद देख चुके हैं तो उनके मुंह से संघ के अनुशासन की तारीफ होना स्वाभाविक था।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि कुछ दिनों पहले रीवा में कुछ कथित कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने दीपक बावरिया के साथ झूमाझटकी की थी, तो कल विदिशा में दीपक बावरिया के सामने कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने आपस में गाली गलौज और झूमाझटकी की। अब जब दीपक बावरिया खुद कांग्रेसी कार्यकर्ताओं की अनुशासनहीनता देख चुके हैं तो उन्हें आरएसएस का अनुशासन याद आना ही था।
एक तरफ राहुल गांधी आरएसएस के खिलाफ मोर्चा खोले रहते हैं तो वहीं दूसरी तरफ उनके करीबी नेता ने ही आरएसएस की तारीफ की है। अब देखना होगा कि इस बारे में खुद राहुल गांधी क्या प्रतिक्रिया देते हैं। यह पहली बार नहीं है कि आरएसएस के अनुशासन की प्रशंसा किसी कांग्रेस नेता ने की है, इससे पहले कई बार, कई नेता आरएसएस के अनुशासन की प्रशंसा कर चुके हैं। खैर अब इंतजार है राहुल गांधी की प्रतिक्रिया का।