त्यौहारों पर चलेंगी स्पेशल ट्रेनें, वेटिंग होगी क्लीयर
Wednesday - August 22, 2018 4:05 pm ,
Category : WTN HINDI
कई रूटों पर चलेंगी स्पेशल ट्रेनें, करीब 14,000 यात्रियों को कन्फर्म टिकिट देने की तैयारी,
AUG 22 (WTN) - त्योहारों के दौरान करीब 14 हज़ार यात्रियों को कन्फर्म टिकिट देने के लिए पश्चिम मध्य रेलवे 20 स्पेशल ट्रेनें चलाने जा रहा है। रेलवे ने यह कदम रक्षाबंधन से लेकर पितृपक्ष, दशहरा, दीपावली और छठ पूजा के आसपास की तारीखों में नियमित रूप से चल रही ट्रेनों में अभी से बन रही नो-रूम की स्थिति को देखते हुए उठाया है।
कई ट्रेनों में तो अभी से वेटिंग लिस्ट 50 से 100 के बीच पहुंच गई है। इसलिए पश्चिम मध्य रेलवे ने जबलपुर समेत भोपाल और कोटा मण्डल से तकरीबन 20 से ज़्यादा स्पेशल ट्रेनें चलाने की तैयारी की है। ये स्पेशल ट्रेनें बड़े रूट जैसे जबलपुर से पटना, मुंबई, पुणे, गया, रायपुर की ओर चलाई जाएंगी।
हालांकि व्यस्त रूट होने के कारण स्पेशल ट्रेनों के लिए खाली ट्रैक मिलना काफी मुश्किल है। एक स्पेशल ट्रेन में स्लीपर के औसतन 10 कोच होते हैं। प्रत्येक कोच में 72 सीटों के अनुसार 20 स्पेशल ट्रेनों से 14 हजार से ज्यादा यात्रियों को कन्फर्म टिकिट दिया जा सकेंगे।
आइये आपको बताते हैं कि कौन कौन से रूट पर स्पेशल ट्रेनें चलाने की तैयारी है।
जबलपुर से पटना
इस रूट की दूरी 718 किलोमीटर है। जानकारी के मुताबिक इस रूट पर 24 घण्टे में 12 ट्रेनें चलती हैं। अभी से वेटिंग की स्थिति होने के कारण दशहरा, दीवाली और छठ पर इस रूट पर स्पेशल ट्रेनें चलेंगी। इसमें तकरीबन 2 हजार पैसेंजर को कन्फर्म टिकिट दी जाएगी।
जबलपुर से मुम्बई
इस रूट की दूरी 994 किलोमीटर है। इस रूट पर 24 घंटे में 13 ट्रेनें चलती हैं लेकिन अधिकांश में वेटिंग रहती है। इस रूट पर भी दशहरा, दीवाली और दिसम्बर में स्पेशल ट्रेनें चलेंगी। स्पेशल ट्रेनों से तकरीबन 2 हजार टिकट कन्फर्म हो सकेंगे।
जबलपुर से गया
इस रूट की दूरी 713 किलोमीटर है। इस रूट पर 24 घण्टे में सिर्फ एक ही ट्रेन है। जिनमें कन्फर्म टिकिट मिलना मुश्किल है। पश्चिम मध्य रेलवे पितृ पक्ष पर जबलपुर से स्पेशल ट्रेन चलाएगा। इससे करीब एक हज़ार पैसेंजर की वेटिंग क्लीयर होने की सम्भावना है।
जबलपुर से गोवा
इस रूट की दूरी 1516 किलोमीटर है। इस रूट पर 24 घण्टे में सिर्फ एक ही ट्रेन चलती है। दिसम्बर में जबलपुर से गोवा के लिए स्पेशल ट्रेन चलाने की कोशिश है जिससे तकरीबन 1 हजार पैसेंजर की वेटिंग क्लीयर होगी।
जबलपुर से रायपुर
इस रूट की दूरी 684 किलोमीटर है। जबलपुर से इस रूट में 24 घण्टे में सिर्फ एक ही ट्रेन चलती है। दशहरा और दिवाली पर रेलवे इस रूट पर स्पेशल ट्रेन चलाएगा जिससे करीब 800 पैसेंजर की वेटिंग क्लीयर होगी।
मीडिया से मिली जानकारी के मुताबिक, पश्चिम मध्य रेलवे की तर्ज पर अन्य रेलवे ज़ोन भी रक्षाबंधन से लेकर दिसम्बर तक स्पेशल ट्रेनें चलाने की तैयारी में है। यदि ऐसा होता है तो जबलपुर रूट से तकरीबन 200 से ज्यादा स्पेशल ट्रेनें गुजरेंगी जिसके कारण व्यस्त रूटों पर रेलवे को स्पेशल ट्रेनों के लिए खाली ट्रैक देने में मुश्किल आएगी।
इसी कारण यह ट्रेनें, साधारण ट्रेनों की तुलना में अधिक समय में अपनी यात्रा पूरा करेंगी। जानकारी के मुताबिक पिछले साल चलाई गईं तकरीबन 400 स्पेशल ट्रेनों में 200 से ज़्यादा ट्रेनें अपने गंतव्य तक समय पर नहीं पहुंच सकी थीं। लेकिन इस बार रेलवे द्वारा जारी किए गए नए टाइम टेबल में स्पेशल ट्रेनों के लिए खाली रूट तय किए गए हैं।
AUG 22 (WTN) - त्योहारों के दौरान करीब 14 हज़ार यात्रियों को कन्फर्म टिकिट देने के लिए पश्चिम मध्य रेलवे 20 स्पेशल ट्रेनें चलाने जा रहा है। रेलवे ने यह कदम रक्षाबंधन से लेकर पितृपक्ष, दशहरा, दीपावली और छठ पूजा के आसपास की तारीखों में नियमित रूप से चल रही ट्रेनों में अभी से बन रही नो-रूम की स्थिति को देखते हुए उठाया है।
कई ट्रेनों में तो अभी से वेटिंग लिस्ट 50 से 100 के बीच पहुंच गई है। इसलिए पश्चिम मध्य रेलवे ने जबलपुर समेत भोपाल और कोटा मण्डल से तकरीबन 20 से ज़्यादा स्पेशल ट्रेनें चलाने की तैयारी की है। ये स्पेशल ट्रेनें बड़े रूट जैसे जबलपुर से पटना, मुंबई, पुणे, गया, रायपुर की ओर चलाई जाएंगी।
हालांकि व्यस्त रूट होने के कारण स्पेशल ट्रेनों के लिए खाली ट्रैक मिलना काफी मुश्किल है। एक स्पेशल ट्रेन में स्लीपर के औसतन 10 कोच होते हैं। प्रत्येक कोच में 72 सीटों के अनुसार 20 स्पेशल ट्रेनों से 14 हजार से ज्यादा यात्रियों को कन्फर्म टिकिट दिया जा सकेंगे।
आइये आपको बताते हैं कि कौन कौन से रूट पर स्पेशल ट्रेनें चलाने की तैयारी है।
जबलपुर से पटना
इस रूट की दूरी 718 किलोमीटर है। जानकारी के मुताबिक इस रूट पर 24 घण्टे में 12 ट्रेनें चलती हैं। अभी से वेटिंग की स्थिति होने के कारण दशहरा, दीवाली और छठ पर इस रूट पर स्पेशल ट्रेनें चलेंगी। इसमें तकरीबन 2 हजार पैसेंजर को कन्फर्म टिकिट दी जाएगी।
जबलपुर से मुम्बई
इस रूट की दूरी 994 किलोमीटर है। इस रूट पर 24 घंटे में 13 ट्रेनें चलती हैं लेकिन अधिकांश में वेटिंग रहती है। इस रूट पर भी दशहरा, दीवाली और दिसम्बर में स्पेशल ट्रेनें चलेंगी। स्पेशल ट्रेनों से तकरीबन 2 हजार टिकट कन्फर्म हो सकेंगे।
जबलपुर से गया
इस रूट की दूरी 713 किलोमीटर है। इस रूट पर 24 घण्टे में सिर्फ एक ही ट्रेन है। जिनमें कन्फर्म टिकिट मिलना मुश्किल है। पश्चिम मध्य रेलवे पितृ पक्ष पर जबलपुर से स्पेशल ट्रेन चलाएगा। इससे करीब एक हज़ार पैसेंजर की वेटिंग क्लीयर होने की सम्भावना है।
जबलपुर से गोवा
इस रूट की दूरी 1516 किलोमीटर है। इस रूट पर 24 घण्टे में सिर्फ एक ही ट्रेन चलती है। दिसम्बर में जबलपुर से गोवा के लिए स्पेशल ट्रेन चलाने की कोशिश है जिससे तकरीबन 1 हजार पैसेंजर की वेटिंग क्लीयर होगी।
जबलपुर से रायपुर
इस रूट की दूरी 684 किलोमीटर है। जबलपुर से इस रूट में 24 घण्टे में सिर्फ एक ही ट्रेन चलती है। दशहरा और दिवाली पर रेलवे इस रूट पर स्पेशल ट्रेन चलाएगा जिससे करीब 800 पैसेंजर की वेटिंग क्लीयर होगी।
मीडिया से मिली जानकारी के मुताबिक, पश्चिम मध्य रेलवे की तर्ज पर अन्य रेलवे ज़ोन भी रक्षाबंधन से लेकर दिसम्बर तक स्पेशल ट्रेनें चलाने की तैयारी में है। यदि ऐसा होता है तो जबलपुर रूट से तकरीबन 200 से ज्यादा स्पेशल ट्रेनें गुजरेंगी जिसके कारण व्यस्त रूटों पर रेलवे को स्पेशल ट्रेनों के लिए खाली ट्रैक देने में मुश्किल आएगी।
इसी कारण यह ट्रेनें, साधारण ट्रेनों की तुलना में अधिक समय में अपनी यात्रा पूरा करेंगी। जानकारी के मुताबिक पिछले साल चलाई गईं तकरीबन 400 स्पेशल ट्रेनों में 200 से ज़्यादा ट्रेनें अपने गंतव्य तक समय पर नहीं पहुंच सकी थीं। लेकिन इस बार रेलवे द्वारा जारी किए गए नए टाइम टेबल में स्पेशल ट्रेनों के लिए खाली रूट तय किए गए हैं।