कटे-फटे नोट बदलने के लिए रिज़र्व बैंक के नये नियम
Saturday - September 8, 2018 3:52 pm ,
Category : WTN HINDI
नोट की स्थिति देखकर तय होगा उसके बदलने का मूल्य
SEP 08 (WTN) – यदि आप बैंक में कटे-फटे नोट बदलने के लिए जा रहे हैं, तो यह लेख आपके लिए ही है। आरबीआई यानि भारतीय रिज़र्व बैंक ने कटे-फटे नोट बदलने के नियमों में बदलाव किया है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि आरबीआई ने 2,000 रुपये, 200 रुपये और अन्य कम मूल्य की नई मुद्रा बाज़ार में लाने के बाद नये नियम लाए हैं। जैसा कि आप जानते हैं कि नोटबंदी के बाद रिज़र्व बैंक ने 2,000 रुपये और 200 रुपये के नोट बाज़ार में लाए थे। इसके अलावा 10, 20, 50,100 और 500 रुपये के छोटे नोट भी छापे गये थे।
रिज़र्व बैंक के दिशा निर्देश के अनुसार, देश भर में आरबीआई के कार्यालयों या मनोनीत बैंक शाखाओं में कटे-फटे नोट बदले जा सकते हैं। नोट की स्थिति देखने के बाद ही इसे आधे मूल्य पर या पूरे मूल्य पर बदला जा सकता है।
रिज़र्व बैंक (नोट वापसी) नियम 2009 में संशोधन करते हुए केंद्रीय बैंक ने महात्मा गांधी (नई) श्रृंखला में कटे-फटे नोट को बदलने में लोगों को सुविधा के लिये यह कदम उठाया है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि नई श्रृंखला के नोट, पूर्व की श्रृंखला के मुकाबले छोटे है। आदेश के साथ ही ये नियम तत्काल प्रभाव से लागू हो गए हैं।
इधर रिज़र्व बैंक का कहना है, “50 रुपए और उससे अधिक मूल्य के नोट के मामले में पूर्ण मूल्य के भुगतान के लिये नोट के न्यूनतम क्षेत्र की जरूरत को लेकर भी नियम में बदलाव किये गये हैं।“
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि पिछले कुछ सप्ताह से डॉलर के मुकाबले रुपया लगातार कमज़ोर होता जा रहा है। बैंकिंग सेक्टर के जानकारों के मुताबिक रिज़र्व बैंक रूपये की मज़बूती के लिए बैंक दरों में 0.5 प्रतिशत की वृद्धि कर सकता है। अपनी मुद्रा को मज़ूबूत करने के लिए अर्जेण्टीना और इण्डोनेशिया जैसे देश भी ऐसा कर चुके हैं। भारतीय रिज़र्व बैंक चार अक्टूबर को अपनी मैद्रिक नीति का ऐलान करेगा जिसमें पॉलिसी के चलते आरबीआई रेपो रेट बढ़ा सकता है।
SEP 08 (WTN) – यदि आप बैंक में कटे-फटे नोट बदलने के लिए जा रहे हैं, तो यह लेख आपके लिए ही है। आरबीआई यानि भारतीय रिज़र्व बैंक ने कटे-फटे नोट बदलने के नियमों में बदलाव किया है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि आरबीआई ने 2,000 रुपये, 200 रुपये और अन्य कम मूल्य की नई मुद्रा बाज़ार में लाने के बाद नये नियम लाए हैं। जैसा कि आप जानते हैं कि नोटबंदी के बाद रिज़र्व बैंक ने 2,000 रुपये और 200 रुपये के नोट बाज़ार में लाए थे। इसके अलावा 10, 20, 50,100 और 500 रुपये के छोटे नोट भी छापे गये थे।
रिज़र्व बैंक के दिशा निर्देश के अनुसार, देश भर में आरबीआई के कार्यालयों या मनोनीत बैंक शाखाओं में कटे-फटे नोट बदले जा सकते हैं। नोट की स्थिति देखने के बाद ही इसे आधे मूल्य पर या पूरे मूल्य पर बदला जा सकता है।
रिज़र्व बैंक (नोट वापसी) नियम 2009 में संशोधन करते हुए केंद्रीय बैंक ने महात्मा गांधी (नई) श्रृंखला में कटे-फटे नोट को बदलने में लोगों को सुविधा के लिये यह कदम उठाया है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि नई श्रृंखला के नोट, पूर्व की श्रृंखला के मुकाबले छोटे है। आदेश के साथ ही ये नियम तत्काल प्रभाव से लागू हो गए हैं।
इधर रिज़र्व बैंक का कहना है, “50 रुपए और उससे अधिक मूल्य के नोट के मामले में पूर्ण मूल्य के भुगतान के लिये नोट के न्यूनतम क्षेत्र की जरूरत को लेकर भी नियम में बदलाव किये गये हैं।“
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि पिछले कुछ सप्ताह से डॉलर के मुकाबले रुपया लगातार कमज़ोर होता जा रहा है। बैंकिंग सेक्टर के जानकारों के मुताबिक रिज़र्व बैंक रूपये की मज़बूती के लिए बैंक दरों में 0.5 प्रतिशत की वृद्धि कर सकता है। अपनी मुद्रा को मज़ूबूत करने के लिए अर्जेण्टीना और इण्डोनेशिया जैसे देश भी ऐसा कर चुके हैं। भारतीय रिज़र्व बैंक चार अक्टूबर को अपनी मैद्रिक नीति का ऐलान करेगा जिसमें पॉलिसी के चलते आरबीआई रेपो रेट बढ़ा सकता है।