राहुल गांधी का ‘मास्टर स्ट्रोक’, ‘बैकुफट’ पर मोदी सरकार
Saturday - September 15, 2018 4:29 pm ,
Category : WTN HINDI
राहुल के निशाने पर मोदी
पीएम मोदी के चहेते सीबीआई अधिकारी ने कमज़ोर किया था विजय माल्या का लुकआउट नोटिस: राहुल गांधी
SEP 15 (WTN) – विजय माल्या के मामले में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने आज एक ऐसा आरोप लगाया है, जिसके बाद से देश की राजनीतिक में हलचल मची हुई है। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने मोदी सरकार पर गम्भीर आरोप लगाते हुए कहा ट्वीट किया है., जिसमें उन्होंने लिखा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एक पसंदीदा सीबीआई अधिकारी ने विजय माल्या के खिलाफ लुकआउट नोटिस को कमज़ोर किया था जिसके कारण माल्या देश से भागने में सफल रहा।
राहुल गांधी ने अपने ट्वीट में लिखा है, “सीबीआई के संयुक्त निदेशक ए.के.शर्मा ने माल्या के लुकआउट नोटिस को कमज़ोर किया, जिसके कारण माल्या विदेश भागने में कामयाब रहा।“ आगे राहुल गांधी ने लिखा है, “शर्मा जो कि गुजरात कैडर के अधिकारी हैं, वे सीबीआई में प्रधानमंत्री के बहुत पसंदीदा हैं।“
इतना ही नहीं, राहुल गांधी ने अपने ट्वीट में बड़ा आरोप लगाते हुए लिखा है, “यही अधिकारी (ए.के.शर्मा) नीरव मोदी और मेहुल चोकसी के भागने की योजना का प्रभारी थे।“
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि कांग्रेस अध्यक्ष ने कल कहा था कि यह समझ से परे है कि इतने विजय माल्या के विदेश भागने जैसे बड़े मामले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अनुमति के बिना सीबीआई ने लुकआउट नोटिस बदला होगा।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि 9000 करोड़ रुपयों की धोखाधड़ी के आरोपी विजय माल्या ने लण्दन में कहा था कि भारत छोड़ने से पहले वो वित्त मंत्री अरुण जेटली से मिला था, और बैंकों से सेटलमेंट की पेशकश उसने की थी, हालांकि माल्या के इस दावे को वित्त मंत्री अरुण जेटली ने सिरे से ख़ारिज कर दिया था।
राहुल गांधी ने अपने ट्वीट में सीबीआई के एक अधिकारी का बाकायदा नाम लिखा है, जिसके बाद से सरकार के तरफ से कोई भी बयान नहीं आया है। राहुल गांधी, विजय माल्या के मामले में मोदी सरकार पर हर दिन निशाना साध रहे हैं। कहा जा रहा है कि लोकसभा चुनाव तक कांग्रेस विजय माल्या, नीरव मोदी और मेहुल चोकसी के मामलों को काफ़ी जोरशोर से उठाएगी, ताकि देश की जनता को यह समझाया जा सके कि इन तीनों के देश से फ़रार होने में मोदी सरकार की ग़लती है और मिलीभगत है।
यदि समय रहते मोदी सरकार ने राहुल गांधी के सवालों का जवाब नहीं दिया, तो हो सकता है कि इसका ख़ामियाज़ा भाजपा को लोकसभा चुनाव में भुगतना पड़े। लगता है राहुल गांधी एक सोची समझी रणनीति के तहत हर रोज़ इन तीनों भगौड़ों का मामला उछालते रहते हैं ताकि मोदी सरकार बैकफुट पर रहे।
SEP 15 (WTN) – विजय माल्या के मामले में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने आज एक ऐसा आरोप लगाया है, जिसके बाद से देश की राजनीतिक में हलचल मची हुई है। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने मोदी सरकार पर गम्भीर आरोप लगाते हुए कहा ट्वीट किया है., जिसमें उन्होंने लिखा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एक पसंदीदा सीबीआई अधिकारी ने विजय माल्या के खिलाफ लुकआउट नोटिस को कमज़ोर किया था जिसके कारण माल्या देश से भागने में सफल रहा।
राहुल गांधी ने अपने ट्वीट में लिखा है, “सीबीआई के संयुक्त निदेशक ए.के.शर्मा ने माल्या के लुकआउट नोटिस को कमज़ोर किया, जिसके कारण माल्या विदेश भागने में कामयाब रहा।“ आगे राहुल गांधी ने लिखा है, “शर्मा जो कि गुजरात कैडर के अधिकारी हैं, वे सीबीआई में प्रधानमंत्री के बहुत पसंदीदा हैं।“
इतना ही नहीं, राहुल गांधी ने अपने ट्वीट में बड़ा आरोप लगाते हुए लिखा है, “यही अधिकारी (ए.के.शर्मा) नीरव मोदी और मेहुल चोकसी के भागने की योजना का प्रभारी थे।“
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि कांग्रेस अध्यक्ष ने कल कहा था कि यह समझ से परे है कि इतने विजय माल्या के विदेश भागने जैसे बड़े मामले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अनुमति के बिना सीबीआई ने लुकआउट नोटिस बदला होगा।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि 9000 करोड़ रुपयों की धोखाधड़ी के आरोपी विजय माल्या ने लण्दन में कहा था कि भारत छोड़ने से पहले वो वित्त मंत्री अरुण जेटली से मिला था, और बैंकों से सेटलमेंट की पेशकश उसने की थी, हालांकि माल्या के इस दावे को वित्त मंत्री अरुण जेटली ने सिरे से ख़ारिज कर दिया था।
राहुल गांधी ने अपने ट्वीट में सीबीआई के एक अधिकारी का बाकायदा नाम लिखा है, जिसके बाद से सरकार के तरफ से कोई भी बयान नहीं आया है। राहुल गांधी, विजय माल्या के मामले में मोदी सरकार पर हर दिन निशाना साध रहे हैं। कहा जा रहा है कि लोकसभा चुनाव तक कांग्रेस विजय माल्या, नीरव मोदी और मेहुल चोकसी के मामलों को काफ़ी जोरशोर से उठाएगी, ताकि देश की जनता को यह समझाया जा सके कि इन तीनों के देश से फ़रार होने में मोदी सरकार की ग़लती है और मिलीभगत है।
यदि समय रहते मोदी सरकार ने राहुल गांधी के सवालों का जवाब नहीं दिया, तो हो सकता है कि इसका ख़ामियाज़ा भाजपा को लोकसभा चुनाव में भुगतना पड़े। लगता है राहुल गांधी एक सोची समझी रणनीति के तहत हर रोज़ इन तीनों भगौड़ों का मामला उछालते रहते हैं ताकि मोदी सरकार बैकफुट पर रहे।