क्या आप जानते हैं सेंसेक्स और निफ्टी में अंतर?
Tuesday - November 27, 2018 3:59 pm ,
Category : WTN HINDI
1986 में शुरू हुआ था सेंसेक्स तो 1994 में शुरू हुआ था निफ्टी
सेंसेक्स में शामिल हैं 30 कम्पनियां, निफ्टी में शामिल हैं 50 कम्पनियां
NOV 27 (WTN) – आपने कई बार सेंसेक्स और निफ्टी जैसे शब्द सुने होंगे। आप में से ज़्यादातर लोग जानते होंगे कि सेंसेक्स और निफ्टी शेयर बाज़ार से सम्बन्धित हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि सेंसेक्स और निफ्टी में क्या अंतर होता है। यदि आप नहीं जानते हैं तो हम आपको बताते हैं इन दोनों के बीच अंतर
सबसे पहले जानते हैं सेंसेक्स के बारे में। बीएसई सेंसेक्स या सेंसेक्स मुम्बई शेयर बाजार में रजिस्टर्ड और मार्केट कैप के हिसाब से सबसे बड़ी 30 कम्पनियों को इंडेक्स करता है। सेंसेक्स के घटने बढ़ने से ये पता चलता है कि देश की इन 30 बड़ी कम्पनियों को लाभ हो रहा है या नुकसान।
सेंसेक्स की शुरुआत 1 जनवरी, 1986 को हुई थी। सेंसेक्स में तीस कम्पनियां शामिल होती हैं जो कि बदलती रहती हैं। इन तीस कम्पनियों को चुनने के लिए एक कमेटी बनाई गई है जो कि फ़ैसला करती है कि कौन से तीस कम्पनियां नियमानुसार इसमें होंगी। चूंकि यह 30 कम्पनियों का प्रतिनिधित्व करता है इसलिए इसे बीएसई 30 के नाम से भी जाना जाता है। सेंसेक्स का आधार वर्ष 1978-79 है और इसकी बेस वेल्यू 100 है।
निफ्टी दिल्ली स्थित शेयर बाज़ार, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का सूचकांक है। निफ्टी में 50 कम्पनियों को शामिल किया गया है। इसकी शुरुआत नवम्बर 1994 में हुई थी। Nifty शब्द National और Fifty से मिलकर बना है। यहां Fifty नेशनल स्टॉक एक्सचेंज में शामिल 50 कम्पनियों के लिए है। ये 50 कम्पनियां देश के 12 अलग-अलग सेक्टर से चुनी जाती हैं। निफ्टी का आधार वर्ष 1995 है और बेस वेल्यू 1000 है।
NOV 27 (WTN) – आपने कई बार सेंसेक्स और निफ्टी जैसे शब्द सुने होंगे। आप में से ज़्यादातर लोग जानते होंगे कि सेंसेक्स और निफ्टी शेयर बाज़ार से सम्बन्धित हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि सेंसेक्स और निफ्टी में क्या अंतर होता है। यदि आप नहीं जानते हैं तो हम आपको बताते हैं इन दोनों के बीच अंतर
सबसे पहले जानते हैं सेंसेक्स के बारे में। बीएसई सेंसेक्स या सेंसेक्स मुम्बई शेयर बाजार में रजिस्टर्ड और मार्केट कैप के हिसाब से सबसे बड़ी 30 कम्पनियों को इंडेक्स करता है। सेंसेक्स के घटने बढ़ने से ये पता चलता है कि देश की इन 30 बड़ी कम्पनियों को लाभ हो रहा है या नुकसान।
सेंसेक्स की शुरुआत 1 जनवरी, 1986 को हुई थी। सेंसेक्स में तीस कम्पनियां शामिल होती हैं जो कि बदलती रहती हैं। इन तीस कम्पनियों को चुनने के लिए एक कमेटी बनाई गई है जो कि फ़ैसला करती है कि कौन से तीस कम्पनियां नियमानुसार इसमें होंगी। चूंकि यह 30 कम्पनियों का प्रतिनिधित्व करता है इसलिए इसे बीएसई 30 के नाम से भी जाना जाता है। सेंसेक्स का आधार वर्ष 1978-79 है और इसकी बेस वेल्यू 100 है।
निफ्टी दिल्ली स्थित शेयर बाज़ार, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का सूचकांक है। निफ्टी में 50 कम्पनियों को शामिल किया गया है। इसकी शुरुआत नवम्बर 1994 में हुई थी। Nifty शब्द National और Fifty से मिलकर बना है। यहां Fifty नेशनल स्टॉक एक्सचेंज में शामिल 50 कम्पनियों के लिए है। ये 50 कम्पनियां देश के 12 अलग-अलग सेक्टर से चुनी जाती हैं। निफ्टी का आधार वर्ष 1995 है और बेस वेल्यू 1000 है।