ऐसे थे ‘हम सबके’ अटलजी
Tuesday - December 25, 2018 2:44 pm ,
Category : WTN HINDI
अपनी ‘वाकपटुता’ के लिए प्रसिद्ध थे अटल बिहारी वाजपेयी
जब बातों-बातों में ममता बनर्जी पर उनकी मां के सामने अटलजी ने किया था ‘कटाक्ष’
DEC 25 (WTN) - स्वर्गीय पण्डित अटल बिहारी वाजपेयी राजनीति से अलग एक ऐसे व्यक्ति थे जो सभी के लिए ‘स्वीकार्य’ थे। हर दल का नेता उन्हें अपना मानता था क्योंकि वैचारिक मनमुटाव के बीच भी अटलजी के सभी के साथ प्रगाड़ सम्बन्ध थे। क्या कांग्रेसी और क्या वामपंथी नेता, सभी के साथ अटलजी की आत्मीयता थी। अटलजी के बारे में तो महान वामपंथी नेता ज्योति बसु कहा करते थे, “अच्छा आदमी, ग़लत पार्टी में है।”
भारत के तीन बार प्रधानमंत्री रहे अटलजी में कई गुण थे जिनके सभी प्रशंसा करते हैं, लेकिन एक गुण उनका ये था कि वे ‘अपने दिल’ की बात बोलने से नहीं चुकते थे। जो भी उन्हें कहना होता था, समय और परिस्थिति देखकर शब्दों की मर्यादा में अपनी बात ‘कटाक्ष’ की तरह कह देते थे। अटलजी का अपनी बात कहना भी हो जाता था और जिसे वे बात कहना चाहते हैं वो इशारों-इशारों में बात समझ भी जाता था।
आज अटलजी की जयंती पर उनसे जुड़े कई किस्से-कहानियां पढ़े और सुने जा रहे हैं, इसी कड़ी में अटलजी का एक किस्सा आपको बताते हैं जो कि उनकी वाकपटुता की याद दिलाता है। अपनी तुनकमिजाजी और गुस्से के लिए पहचानी जानी वाली ममता बनर्जी अटलजी के प्रधानमंत्री काल में कैबिनेट में रेल मंत्री थीं। अटलजी की कैबिनेट में ममता बनर्जी 13 अक्टूबर, 1999 से 16 मार्च, 2001 तक रेल मंत्री रहीं।
अटलजी की सरकार को समर्थन के बदले में समय-समय पर टीएमसी नेता ममता बनर्जी उन पर काम के लिए ‘दबाव’ बनाती रहती थीं। कहा जाता है कि कई बार ममता बनर्जी ने अटलजी को समर्थन वापसी की ‘धमकी’ भी दी, लेकिन अटलजी उन्हें ‘मना’ लिया करते थे। अटलजी जानते थे कि ममता बनर्जी का समर्थन सरकार के लिए काफ़ी ‘ज़रूरी’ है इसलिए वे ममता बनर्जी की गुस्से भरी बातों को सुन लिया करते थे।
प्रधानमंत्री रहते एक बार अटलजी का कोलकाता जाना हुआ और इसी दौरान वे ममता बनर्जी की मां गायत्री देवी से मिलने उनके घर गये। ममता बनर्जी की मां गायत्री देवी से मुलाक़ात के दौरान अटलजी ने ममता बनर्जी पर जोरदार तरीक़े से ‘कटाक्ष’ किया। ममता बनर्जी की मां गायत्री देवी से ममता बनर्जी की शिकायत करते हुए अटलजी ने कहा, “बहनजी आपकी बेटी मुझे बहुत परेशान करती है, बहुत झगड़ती है मुझसे, आप ही बताएं मैं क्या करूं।”
अटलजी की बात सुनकर ममता बनर्जी की मां गायत्री देवी मुस्कुरा दीं और बोलीं, “आप उनसे बड़े हैं आपको हक़ है, आप खुद ही डांट दिया कीजिए इसे।” अटलजी और अपनी मां गायत्री देवी की बातें सुनकर ममता बनर्जी मुस्कुरा दीं और समझ भी गईं कि अटलजी उनकी तुनकमिजाजी के कारण परेशान हैं और अपने दिल की बात इशारों-इशारों में कह चुके हैं। तो ऐसे थे वाकपटुता में माहिर पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी जिन्हें आज पूरा भारत देश याद कर रहा है।
DEC 25 (WTN) - स्वर्गीय पण्डित अटल बिहारी वाजपेयी राजनीति से अलग एक ऐसे व्यक्ति थे जो सभी के लिए ‘स्वीकार्य’ थे। हर दल का नेता उन्हें अपना मानता था क्योंकि वैचारिक मनमुटाव के बीच भी अटलजी के सभी के साथ प्रगाड़ सम्बन्ध थे। क्या कांग्रेसी और क्या वामपंथी नेता, सभी के साथ अटलजी की आत्मीयता थी। अटलजी के बारे में तो महान वामपंथी नेता ज्योति बसु कहा करते थे, “अच्छा आदमी, ग़लत पार्टी में है।”
भारत के तीन बार प्रधानमंत्री रहे अटलजी में कई गुण थे जिनके सभी प्रशंसा करते हैं, लेकिन एक गुण उनका ये था कि वे ‘अपने दिल’ की बात बोलने से नहीं चुकते थे। जो भी उन्हें कहना होता था, समय और परिस्थिति देखकर शब्दों की मर्यादा में अपनी बात ‘कटाक्ष’ की तरह कह देते थे। अटलजी का अपनी बात कहना भी हो जाता था और जिसे वे बात कहना चाहते हैं वो इशारों-इशारों में बात समझ भी जाता था।
आज अटलजी की जयंती पर उनसे जुड़े कई किस्से-कहानियां पढ़े और सुने जा रहे हैं, इसी कड़ी में अटलजी का एक किस्सा आपको बताते हैं जो कि उनकी वाकपटुता की याद दिलाता है। अपनी तुनकमिजाजी और गुस्से के लिए पहचानी जानी वाली ममता बनर्जी अटलजी के प्रधानमंत्री काल में कैबिनेट में रेल मंत्री थीं। अटलजी की कैबिनेट में ममता बनर्जी 13 अक्टूबर, 1999 से 16 मार्च, 2001 तक रेल मंत्री रहीं।
अटलजी की सरकार को समर्थन के बदले में समय-समय पर टीएमसी नेता ममता बनर्जी उन पर काम के लिए ‘दबाव’ बनाती रहती थीं। कहा जाता है कि कई बार ममता बनर्जी ने अटलजी को समर्थन वापसी की ‘धमकी’ भी दी, लेकिन अटलजी उन्हें ‘मना’ लिया करते थे। अटलजी जानते थे कि ममता बनर्जी का समर्थन सरकार के लिए काफ़ी ‘ज़रूरी’ है इसलिए वे ममता बनर्जी की गुस्से भरी बातों को सुन लिया करते थे।
प्रधानमंत्री रहते एक बार अटलजी का कोलकाता जाना हुआ और इसी दौरान वे ममता बनर्जी की मां गायत्री देवी से मिलने उनके घर गये। ममता बनर्जी की मां गायत्री देवी से मुलाक़ात के दौरान अटलजी ने ममता बनर्जी पर जोरदार तरीक़े से ‘कटाक्ष’ किया। ममता बनर्जी की मां गायत्री देवी से ममता बनर्जी की शिकायत करते हुए अटलजी ने कहा, “बहनजी आपकी बेटी मुझे बहुत परेशान करती है, बहुत झगड़ती है मुझसे, आप ही बताएं मैं क्या करूं।”
अटलजी की बात सुनकर ममता बनर्जी की मां गायत्री देवी मुस्कुरा दीं और बोलीं, “आप उनसे बड़े हैं आपको हक़ है, आप खुद ही डांट दिया कीजिए इसे।” अटलजी और अपनी मां गायत्री देवी की बातें सुनकर ममता बनर्जी मुस्कुरा दीं और समझ भी गईं कि अटलजी उनकी तुनकमिजाजी के कारण परेशान हैं और अपने दिल की बात इशारों-इशारों में कह चुके हैं। तो ऐसे थे वाकपटुता में माहिर पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी जिन्हें आज पूरा भारत देश याद कर रहा है।