5 जी तकनीक: जिसके उपयोग से बदल जाएगी आपकी दुनिया
Wednesday - February 27, 2019 11:21 am ,
Category : WTN HINDI
भारत में जल्द शुरू होंगे 5 जी तकनीक के परीक्षण
आने वाले 10 सालों में भारत होगा 5 जी का दूसरा सबसे बड़ा बाजार
FEB 27 (WTN) – दूरसंचार क्षेत्र में क्रांति लाने वाले 5 जी के लिए पूरी दुनिया में परीक्षणों का दौर चल रहा है। ऐसे में भारत में दूरसंचार क्रांति की ओर बढ़ते कदमों के चलते जल्द ही भारत में भी 5 जी का परीक्षण शुरू हो जाएगा। भारत में 5 जी सेवाओं के लिए पहल की है भारती एयरटेल ने। फिनलैण्ड की दूरसंचार उपकरण निर्माता कम्पनी नोकिया, एयरटेल कम्पनी के 5 जी नेटवर्क के लिए जल्द ही उसके दूरसंचार उपकरणों का परीक्षण करने जा रही है। कहा जा रहा है कि तकनीकी समाधान के बाद 4 जी और 5 जी दोनों की सेवाएं पेश की जा सकती है।
जानकारों के मुताबिक़ 5 जी की बेहद तेज़ स्पीड उपभोक्ताओं को मिले, इसके लिए नेटवर्क तंत्र का आधुनिकीकरण काफ़ी ज़रूरी है और इसलिए भारत में 5 जी सेवा के लिए नोकिया, भारती एयरटेल को नेटवर्क तैयार करने में मदद कर रहा है। नोकिया का यह परीक्षण एयरटेल की भारत में हाई स्पीड डेटा की बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए अपने नेटवर्क को उसके हिसाब से तैयार करने की योजना का एक हिस्सा है। हालांकि 5 जी के लिए परीक्षण शुरू कब होगा इसकी तारीख अभी तय नहीं हुई है।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि 5 जी प्रौद्योगिकी आने के बाद टेलीकॉम कम्पनियों के नेटवर्क्स
को डेटा भेजने के लिए हैवी केपिसिटी की ज़रूरत होगी। वहीं वर्ल्ड क्लास डिजिटल सर्विस और मोबाइल ब्रॉडबैण्ड सेवाओं के सर्कुलेशन को पूरा करने के लिए नेटवर्क का काफ़ी उन्नत होना भी ज़रूरी है। 5 जी के लिए एयरटेल और नोकिया के इस परीक्षण से एयरटेल को अपने मौजूदा नेटवर्क में सुधार करने का मौका मिलेगा और इससे कम्पनी को 5 जी सेवा के लिए अपना नेटवर्क तैयार करने में भी मदद मिलेगी।
इधर दक्षिण कोरिया की इलेक्टॉनिक्स कम्पनी सैमसंग के मुताबिक़ भारत में दिल्ली में 5 जी का पहला ट्रायल जल्द हो सकता है और इसके लिए दूरसंचार विभाग के साथ चर्चा चल रही है। सैमसंग के मुताबिक दिल्ली में कहां पर इसका परीक्षण किया जाए और उसमें किस तरह की तकनीक का उपयोग होगा इस बारे में सैमसंग विचार विमार्श कर रहा है।
कहा जा रहा है कि भारत में 5 जी तकनीक का दो तरीके से उपयोग हो सकता है, एक उसका व्यवसायिक उपयोग तो दूसरा उसका सामाजिक उपयोग। व्यवसायिक उपयोग में कम्पनियां अपने व्यापार के हिसाब से अपनी रणनीतियां बनाएंगी, तो वहीं सामाजिक उपयोग में 5 जी का उपयोग स्मार्ट सिटी, 5 जी खेती, 5 जी ड्रोन और 5 जी सर्विलांस में हो सकता है।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि यूरोपीय देश इटली, जर्मनी, टर्की और रोमानिया में भी 5 जी के लिए ट्रायल चल रहे हैं। वहीं टेक्नोलॉजी के मामले में आगे दक्षिण कोरिया में तो 5 जी का रोल आउट भी शुरू हो चुका है। दक्षिण कोरिया में 5 जी स्मार्ट फैक्ट्री और 5 जी रोबॉट कैफे में इसकी शुरुआत हुई है। वहीं अमेरिका में पिछले साल ही 5 जी होम की शुरुआत हो चुकी है जबकि इस साल अमेरिका में 5 जी मोबाइल लॉन्च हो सकते हैं।
इधर भारत में काफ़ी समय से 5 जी प्रौद्योगिकी की चर्चा हो रही है, लेकिन अभी भारत में इसके लिए इंतज़ार करना होगा। कहा जा रहा है कि आने वाले दस सालों में भारत दूसरा सबसे बड़ा 5 जी बाजार होगा क्योंकि इस समय भारत दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण उभरता हुआ बाजार है। ऐसे में देखना होगा कि भारत में 5 जी परीक्षण कब होगा और आम लोगों तक इसकी पहुंच कब तक होगी।
FEB 27 (WTN) – दूरसंचार क्षेत्र में क्रांति लाने वाले 5 जी के लिए पूरी दुनिया में परीक्षणों का दौर चल रहा है। ऐसे में भारत में दूरसंचार क्रांति की ओर बढ़ते कदमों के चलते जल्द ही भारत में भी 5 जी का परीक्षण शुरू हो जाएगा। भारत में 5 जी सेवाओं के लिए पहल की है भारती एयरटेल ने। फिनलैण्ड की दूरसंचार उपकरण निर्माता कम्पनी नोकिया, एयरटेल कम्पनी के 5 जी नेटवर्क के लिए जल्द ही उसके दूरसंचार उपकरणों का परीक्षण करने जा रही है। कहा जा रहा है कि तकनीकी समाधान के बाद 4 जी और 5 जी दोनों की सेवाएं पेश की जा सकती है।
जानकारों के मुताबिक़ 5 जी की बेहद तेज़ स्पीड उपभोक्ताओं को मिले, इसके लिए नेटवर्क तंत्र का आधुनिकीकरण काफ़ी ज़रूरी है और इसलिए भारत में 5 जी सेवा के लिए नोकिया, भारती एयरटेल को नेटवर्क तैयार करने में मदद कर रहा है। नोकिया का यह परीक्षण एयरटेल की भारत में हाई स्पीड डेटा की बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए अपने नेटवर्क को उसके हिसाब से तैयार करने की योजना का एक हिस्सा है। हालांकि 5 जी के लिए परीक्षण शुरू कब होगा इसकी तारीख अभी तय नहीं हुई है।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि 5 जी प्रौद्योगिकी आने के बाद टेलीकॉम कम्पनियों के नेटवर्क्स
को डेटा भेजने के लिए हैवी केपिसिटी की ज़रूरत होगी। वहीं वर्ल्ड क्लास डिजिटल सर्विस और मोबाइल ब्रॉडबैण्ड सेवाओं के सर्कुलेशन को पूरा करने के लिए नेटवर्क का काफ़ी उन्नत होना भी ज़रूरी है। 5 जी के लिए एयरटेल और नोकिया के इस परीक्षण से एयरटेल को अपने मौजूदा नेटवर्क में सुधार करने का मौका मिलेगा और इससे कम्पनी को 5 जी सेवा के लिए अपना नेटवर्क तैयार करने में भी मदद मिलेगी।
इधर दक्षिण कोरिया की इलेक्टॉनिक्स कम्पनी सैमसंग के मुताबिक़ भारत में दिल्ली में 5 जी का पहला ट्रायल जल्द हो सकता है और इसके लिए दूरसंचार विभाग के साथ चर्चा चल रही है। सैमसंग के मुताबिक दिल्ली में कहां पर इसका परीक्षण किया जाए और उसमें किस तरह की तकनीक का उपयोग होगा इस बारे में सैमसंग विचार विमार्श कर रहा है।
कहा जा रहा है कि भारत में 5 जी तकनीक का दो तरीके से उपयोग हो सकता है, एक उसका व्यवसायिक उपयोग तो दूसरा उसका सामाजिक उपयोग। व्यवसायिक उपयोग में कम्पनियां अपने व्यापार के हिसाब से अपनी रणनीतियां बनाएंगी, तो वहीं सामाजिक उपयोग में 5 जी का उपयोग स्मार्ट सिटी, 5 जी खेती, 5 जी ड्रोन और 5 जी सर्विलांस में हो सकता है।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि यूरोपीय देश इटली, जर्मनी, टर्की और रोमानिया में भी 5 जी के लिए ट्रायल चल रहे हैं। वहीं टेक्नोलॉजी के मामले में आगे दक्षिण कोरिया में तो 5 जी का रोल आउट भी शुरू हो चुका है। दक्षिण कोरिया में 5 जी स्मार्ट फैक्ट्री और 5 जी रोबॉट कैफे में इसकी शुरुआत हुई है। वहीं अमेरिका में पिछले साल ही 5 जी होम की शुरुआत हो चुकी है जबकि इस साल अमेरिका में 5 जी मोबाइल लॉन्च हो सकते हैं।
इधर भारत में काफ़ी समय से 5 जी प्रौद्योगिकी की चर्चा हो रही है, लेकिन अभी भारत में इसके लिए इंतज़ार करना होगा। कहा जा रहा है कि आने वाले दस सालों में भारत दूसरा सबसे बड़ा 5 जी बाजार होगा क्योंकि इस समय भारत दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण उभरता हुआ बाजार है। ऐसे में देखना होगा कि भारत में 5 जी परीक्षण कब होगा और आम लोगों तक इसकी पहुंच कब तक होगी।