जानिए आरएसी टिकिट कैन्सिल कराने के नियम
Monday - April 8, 2019 10:10 am ,
Category : WTN HINDI
आरएसी रिजर्वेशन में यात्री को करना पड़ती है सीट शेयर
ट्रेन छूटने के 30 मिनिट पहले तक कैन्सिल करा सकते हैं आरएसी टिकिट
APR 08 (WTN) – आज हम आपको बताते हैं कि ट्रेन में यदि यात्रा के लिए आपके पास आरएसी टिकिट है तो आप उसे कैसे कैन्सिल करा सकते हैं, और उसको कैन्सिल कराने के क्या नियम हैं। लेकिन सबसे पहले आपको बताते हैं कि आख़िर आरएसी टिकिट होता क्या है? जब आप रिजर्वेशन काउंटर से या फ़िर आईआरसीटीसी की वेबसाइट से टिकिट बुक कराते हैं, तो ट्रेन में सभी बर्थों का रिजर्वेशन होने के बाद आपको आरएसी सीट मिलने का विकल्प मिलता है।

आरएसी टिकिट का मतलब होता है कि यात्री की सीट वैसे तो कन्फर्म है, लेकिन उसे यात्रा के दौरान पूरी सीट नहीं मिलेगी। सफ़र के दौरान यात्री को आरएसी रिजर्वेशन होने पर साइड लोअर बर्थ मिलेगी, जिसमें उसके साथ एक और यात्री सफर करेगा। परन्तु जैसी ही कोई कन्फर्म सीट खाली होती है, सबसे पहले उस सीट पर आरएसी टिकिट वाले को पूरी सीट मिलती है।

रेलवे के नियमों के मुताबिक, यदि किसी यात्री के पास कन्फर्म टिकिट है और वह ट्रेन चलने से पहले उसे कैन्सिल कराता है तो कन्फर्म बर्थ पहले आरएसी टिकिट वाले को मिलेगी। यदि आपकी यात्रा के दौरान आपके पास आरएसी टिकिट है, तो आपकी जानकारी के लिए बता दें कि उसे कैन्सिल कराने में आपको चार्ज देना पड़ता है।

नियमानुसार जब किसी आरएसी टिकिट को कैन्सिल कराया जाता है, तो आपकी टिकिट से 60 रुपये जीएसटी के साथ कटेंगे। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि आरएसी टिकिट को ट्रेन चलने से एक घण्टे पहले तक कैन्सिल कराया जा सकता है।

यदि आपके पास आरएसी टिकिट है और आपकी यात्रा के पहले रिजर्वेशन चार्ट बन चुका है, तो रिफण्ड पाने के लिए आपको ऑनलाइन टीडीआर भरना होगा। ऑनलाइन टीडीआर भरने के बाद यात्री आईआरसीटीसी की वेबसाइट पर रिफण्ड प्रक्रिया को ट्रैक कर सकते हैं।

वहीं यात्रियों का जानना ज़रूरी है कि आरएसी ई-टिकट को कैन्सिल ना कराने पर ट्रेन या निकलने के तीस मिनिट पहले तक टीडीआर ना भरने पर कोई रिफण्ड नहीं मिलेगा। यानि कि यदि आपके पास ई-आरएसी टिकिट है, तो उसका रिफण्ड हासिल करने के लिए आपको उसे या तो कैन्सिल करना होगा या फ़िर ट्रेन छूटने के तीस मिनिट पहले टीडीआर भरना होगा।

वहीं यदि किसी ई-टिकिट पर एक से ज़्यादा लोगों का टिकिट है और उसमें से कुछ लोगों का टिकिट कन्फर्म है, जबकि कुछ यात्रियों का नहीं है या फ़िर आरएसी है। तो ऐसे में भारतीय रेलवे के नियमों के अनुसार, पूरा रिफण्ड हासिल करने के लिए सभी यात्रियों की डिटेल के साथ टिकिट को ऑनलाइन कैन्सिल करना होगा या फ़िर टीडीआर भरना होगा।
APR 08 (WTN) – आज हम आपको बताते हैं कि ट्रेन में यदि यात्रा के लिए आपके पास आरएसी टिकिट है तो आप उसे कैसे कैन्सिल करा सकते हैं, और उसको कैन्सिल कराने के क्या नियम हैं। लेकिन सबसे पहले आपको बताते हैं कि आख़िर आरएसी टिकिट होता क्या है? जब आप रिजर्वेशन काउंटर से या फ़िर आईआरसीटीसी की वेबसाइट से टिकिट बुक कराते हैं, तो ट्रेन में सभी बर्थों का रिजर्वेशन होने के बाद आपको आरएसी सीट मिलने का विकल्प मिलता है।

आरएसी टिकिट का मतलब होता है कि यात्री की सीट वैसे तो कन्फर्म है, लेकिन उसे यात्रा के दौरान पूरी सीट नहीं मिलेगी। सफ़र के दौरान यात्री को आरएसी रिजर्वेशन होने पर साइड लोअर बर्थ मिलेगी, जिसमें उसके साथ एक और यात्री सफर करेगा। परन्तु जैसी ही कोई कन्फर्म सीट खाली होती है, सबसे पहले उस सीट पर आरएसी टिकिट वाले को पूरी सीट मिलती है।

रेलवे के नियमों के मुताबिक, यदि किसी यात्री के पास कन्फर्म टिकिट है और वह ट्रेन चलने से पहले उसे कैन्सिल कराता है तो कन्फर्म बर्थ पहले आरएसी टिकिट वाले को मिलेगी। यदि आपकी यात्रा के दौरान आपके पास आरएसी टिकिट है, तो आपकी जानकारी के लिए बता दें कि उसे कैन्सिल कराने में आपको चार्ज देना पड़ता है।

नियमानुसार जब किसी आरएसी टिकिट को कैन्सिल कराया जाता है, तो आपकी टिकिट से 60 रुपये जीएसटी के साथ कटेंगे। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि आरएसी टिकिट को ट्रेन चलने से एक घण्टे पहले तक कैन्सिल कराया जा सकता है।

यदि आपके पास आरएसी टिकिट है और आपकी यात्रा के पहले रिजर्वेशन चार्ट बन चुका है, तो रिफण्ड पाने के लिए आपको ऑनलाइन टीडीआर भरना होगा। ऑनलाइन टीडीआर भरने के बाद यात्री आईआरसीटीसी की वेबसाइट पर रिफण्ड प्रक्रिया को ट्रैक कर सकते हैं।

वहीं यात्रियों का जानना ज़रूरी है कि आरएसी ई-टिकट को कैन्सिल ना कराने पर ट्रेन या निकलने के तीस मिनिट पहले तक टीडीआर ना भरने पर कोई रिफण्ड नहीं मिलेगा। यानि कि यदि आपके पास ई-आरएसी टिकिट है, तो उसका रिफण्ड हासिल करने के लिए आपको उसे या तो कैन्सिल करना होगा या फ़िर ट्रेन छूटने के तीस मिनिट पहले टीडीआर भरना होगा।

वहीं यदि किसी ई-टिकिट पर एक से ज़्यादा लोगों का टिकिट है और उसमें से कुछ लोगों का टिकिट कन्फर्म है, जबकि कुछ यात्रियों का नहीं है या फ़िर आरएसी है। तो ऐसे में भारतीय रेलवे के नियमों के अनुसार, पूरा रिफण्ड हासिल करने के लिए सभी यात्रियों की डिटेल के साथ टिकिट को ऑनलाइन कैन्सिल करना होगा या फ़िर टीडीआर भरना होगा।