इरडा की नई ‘पहल’ से बीमा पॉलिसी धारकों को होगी ‘सुविधा’
Tuesday - April 9, 2019 10:09 am ,
Category : WTN HINDI
किश्तों में मिल सकेंगी कुछ बीमा पॉलिसियों की क्लेम!
बीमा पॉलिसी धारकों को क्लेम की रकम पाने के लिए अब मिलेंगे ‘विकल्प’
APR 09 (WTN) – बीमा के क्षेत्र में जल्द ही देश में एक बड़ा परिवर्तन आ सकता है। जानकारी के मुताबिक, IRDA (Insurance Regulatory and Development Authority) यानि कि भारतीय बीमा नियामक एवं विकास प्राधिकरण कुछ बीमा पॉलिसियों के लिए पॉलिसीधारकों को दावे के भुगतान को किश्तों में लेने का विकल्प उपलब्ध कराने पर विचार कर रहा है। कहा जा रहा है कि इसमें व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा और स्वास्थ्य बीमा जैसी स्कीम शामिल हो सकती हैं।

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि इरडा ने इस प्रस्ताव के विस्तृत अध्ययन के लिए एक कार्यसमिति का गठन किया था। इस साल जनवरी में समिति ने अपनी रिपोर्ट सौंपी थी। मीडिया से मिली जानकारी के अनुसार, समूह ने व्यक्तिगत दुर्घटना और स्वास्थ्य बीमा दावे के लाभ का निपटान किस्तों में करने की व्यवस्था की समीक्षा की है। यदि ऐसा होता है तो इससे बीमा पॉलिसीधारकों को काफ़ी सहूलियत मिलेगी।

कार्यसमिति द्वारा दी गई रिपोर्ट के बाद अब इरडा इसके दिशानिर्देशों का मसौदा जारी कर इस पर अंशधारकों के विचार जान रहा है। इस बारे में इरडा का मानना है कि दावों का निपटान किस्तों में होने से किसी आकस्मिक घटना के शिकार व्यक्ति को कुछ निर्धारित समय के लिए एक नियमित आय मिल सकेगी। रिपोर्ट में कहा गया है कि पॉलिसीधारकों को दावे का निपटान करने के लिए विकल्प दिया जा सकता है। पॉलिसीधारक चाहे तो एकमुश्त या बराबर किस्तों में या कुछ-कुछ हिस्सा दोनों में अपना क्लेम ले सकते हैं।

रिपोर्ट में यह भी कह गया है कि बीमा कम्पनियों को बिक्री के समय और पॉलिसी के विभिन्न चरणों में पॉलिसीधारक द्वारा चुने जाने वाले विकल्प के लिए प्रक्रियाएं बनाना चाहिए। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि अभी हाल ही में इरडा ने बीमा क्लेम के मामलों के तेज़ी से निपटारे के लिए एक अहम सिफारिश की है कि 30 दिनों के अन्दर क्लेम के मामलों का निपटारा किया जाए।

वहीं जैसा कि आप जानते हैं कि अभी व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा का भुगतान एक साथ होता है। इरडा का मानना है कि अगर पॉलिसीधारक को व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा का पैसा किश्तों में मिलेगा तो यह पैसा लम्बे समय तक चल सकता है। हालांकि, इरडा का कहना है कि यदि पॉलिसीधारक चाहे तो पूरी रकम का भुगतान एक साथ भी उसे किया जा सकता है।

इस बार में जब हमने जानकारों से राय ली तो उनका कहना है कि इरडा का यह प्रयास सराहनीय है। क्योंकि देखा गया है कि कई बार बीमा क्लेम की एकमुश्त राशि मिलने पर उसके दुरुपयोग होने की आशंका बनी रही है। अब जबकि क्लेम की राशि किश्तों में मिलेगी तो उसके अचानक खर्च होने की आशंका नहीं रहेगी, और बीमाधारक को उसके क्लेम का पैसा लम्बे समय तक किश्तों के रूप में मिलता रहेगा।
APR 09 (WTN) – बीमा के क्षेत्र में जल्द ही देश में एक बड़ा परिवर्तन आ सकता है। जानकारी के मुताबिक, IRDA (Insurance Regulatory and Development Authority) यानि कि भारतीय बीमा नियामक एवं विकास प्राधिकरण कुछ बीमा पॉलिसियों के लिए पॉलिसीधारकों को दावे के भुगतान को किश्तों में लेने का विकल्प उपलब्ध कराने पर विचार कर रहा है। कहा जा रहा है कि इसमें व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा और स्वास्थ्य बीमा जैसी स्कीम शामिल हो सकती हैं।

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि इरडा ने इस प्रस्ताव के विस्तृत अध्ययन के लिए एक कार्यसमिति का गठन किया था। इस साल जनवरी में समिति ने अपनी रिपोर्ट सौंपी थी। मीडिया से मिली जानकारी के अनुसार, समूह ने व्यक्तिगत दुर्घटना और स्वास्थ्य बीमा दावे के लाभ का निपटान किस्तों में करने की व्यवस्था की समीक्षा की है। यदि ऐसा होता है तो इससे बीमा पॉलिसीधारकों को काफ़ी सहूलियत मिलेगी।

कार्यसमिति द्वारा दी गई रिपोर्ट के बाद अब इरडा इसके दिशानिर्देशों का मसौदा जारी कर इस पर अंशधारकों के विचार जान रहा है। इस बारे में इरडा का मानना है कि दावों का निपटान किस्तों में होने से किसी आकस्मिक घटना के शिकार व्यक्ति को कुछ निर्धारित समय के लिए एक नियमित आय मिल सकेगी। रिपोर्ट में कहा गया है कि पॉलिसीधारकों को दावे का निपटान करने के लिए विकल्प दिया जा सकता है। पॉलिसीधारक चाहे तो एकमुश्त या बराबर किस्तों में या कुछ-कुछ हिस्सा दोनों में अपना क्लेम ले सकते हैं।

रिपोर्ट में यह भी कह गया है कि बीमा कम्पनियों को बिक्री के समय और पॉलिसी के विभिन्न चरणों में पॉलिसीधारक द्वारा चुने जाने वाले विकल्प के लिए प्रक्रियाएं बनाना चाहिए। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि अभी हाल ही में इरडा ने बीमा क्लेम के मामलों के तेज़ी से निपटारे के लिए एक अहम सिफारिश की है कि 30 दिनों के अन्दर क्लेम के मामलों का निपटारा किया जाए।

वहीं जैसा कि आप जानते हैं कि अभी व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा का भुगतान एक साथ होता है। इरडा का मानना है कि अगर पॉलिसीधारक को व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा का पैसा किश्तों में मिलेगा तो यह पैसा लम्बे समय तक चल सकता है। हालांकि, इरडा का कहना है कि यदि पॉलिसीधारक चाहे तो पूरी रकम का भुगतान एक साथ भी उसे किया जा सकता है।

इस बार में जब हमने जानकारों से राय ली तो उनका कहना है कि इरडा का यह प्रयास सराहनीय है। क्योंकि देखा गया है कि कई बार बीमा क्लेम की एकमुश्त राशि मिलने पर उसके दुरुपयोग होने की आशंका बनी रही है। अब जबकि क्लेम की राशि किश्तों में मिलेगी तो उसके अचानक खर्च होने की आशंका नहीं रहेगी, और बीमाधारक को उसके क्लेम का पैसा लम्बे समय तक किश्तों के रूप में मिलता रहेगा।