मोदी सरकार मुहैया कराएगी पूरे देश में 24 घण्टे बिजली!
Wednesday - June 5, 2019 2:20 pm ,
Category : WTN HINDI
अब हर घर को मिलेगी 24 घण्टे बिजली!
देश में 24 घण्टे बिजली की सुनिश्चितता के लिए मोदी सरकार का मास्टर प्लान
JUNE 05 (WTN) – लोकसभा चुनाव में प्रचण्ड जीत के बाद मोदी सरकार आने वाले पांच सालों में देश की जनता को 24 घण्टे बिजली मुहैया कराने की योजना पर काम कर रही है। अपनी इस महत्वाकांक्षी योजना को अमलीजामा पहनाने के लिए केन्द्र सरकार, राज्य सरकारों के भरोसे नहीं रहना चाहती है। मीडिया से मिली जानकारी के मुताबिक़, मोदी सरकार पूरे देश में 24 घण्टे बिजली पहुंचाने के लिए केन्द्रीय स्तर पर पावर डिस्ट्रीब्यूशन कम्पनी बनाने की योजना बना रही है जो कि पूरे देश में बिजली मुहैया कराएगी।
दरअसल, मोदी सरकार की प्लानिंग है कि देश मे विकास की गति को बनाए रखना है तो इसके लिए पूरे देश में लगातार 24 घण्टे बिजली की उपलब्धता सुनिश्चित होना चाहिए। बिजली की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए केन्द्र सरकार की एक कम्पनी बनाने की योजना है। वैसे इस योजना पर मोदी सरकार के पहले कार्यकाल में चर्चा हो चुकी है, लेकिन मोदी सरकार पार्ट टू में इस योजना को लागू करने के लिए तेज़ी से काम किया जा रहा है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि एनटीपीसी, पावर ग्रिड और पीएफसी की ज्वाइंट वेंचर कम्पनी बनाने की केन्द्र सरकार की योजना है, जो कि 24 घण्टे बिजली सपर्लाई के लिए ज़िम्मेदार होगी।
महत्वाकांक्षी योजना को ज़मीन पर उतारने के लिए ऊर्जा मंत्रालय ने सभी बिजली कम्पनियों से विस्तृत रिपोर्ट मंगाई है। कहा जा रहा है कि राज्यों के साथ भी इस कम्पनी का करार किया जाएगा। सरकार की योजना है कि जहां पर बिजली चोरी होती है और जो घाटे वाले इलाकों हैं वहां पर भी बिजली पहुंचाई जएगी ताकि बिजली की उपलब्धता से कोई भी वंचित ना रह जाए। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि बिजली चोरी और अन्य कारणों से बिजली वितरण करने वाली राज्यों की कम्पनियां ऐसी जगहों पर बिजली नहीं पहुंचाती हैं, क्योंकि उन्हें घाटे का डर लगा रहता है। कहा जा रहा है कि राज्यों की बिजली वितरण करने वाली कम्पनियां जब केन्द्रीय कम्पनी से करार करेंगी तो उनका घाटा कम होगा।
300 से ज़्यादा सीटें जीतने वाली भाजपा के नेतृत्व में बनी एनडीए की सरकार से जनता को काफ़ी अपेक्षाएं हैं। इसी कारण से मोदी सरकार पार्ट टू ने पावर सेक्टर के लिए 100 दिनों का एजेंडा बनाया है। सरकार की मंशा है कि पूरे देश में बिजली की 24 घण्टे उपलब्धता सुनिश्चित होना चाहिए। लेकिन इस योजना में कई दिक्कतों का सामना भी केन्द्र सरकार को करना पड़ सकता है। सबसे पहले तो पावर सेक्टर में सुधार करने की काफ़ी ज़रूरत है। वहीं थर्मल पावर प्लांट्स के बकाए के भुगतान के लिए भी एक कार्ययोजना बनानी होगी ताकि उनका बकाया पूरा हो सके।
वहीं बिजली वितरण करने वाली कम्पनियों की वित्तीय हालत सुधारने के लिए भी कार्ययोजना पर काम करना होगा। कहा जा रहा है कि इस योजना के तहत बिजली वितरण करने वाली कम्पनियों के घाटे को 15 प्रतिशत से कम करने की डेडलाइन इसके तहत तय की जाएगी। बिजली वितरण करने वाली कम्पनियों की वित्तीय हालात सुधारने के लिए उदय स्कीम-टू की कार्ययोजना पर भी काम जारी है।
ग्राहकों के साथ-साथ उद्योगों के लिए भी 24 घण्टे बिजली मुहैया कराने के लिए कार्ययोजना पर काम किया जा रहा है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि पावर सेक्टर में एनपीए 5.9 प्रतिशत के क़रीब है। कहा जा रहा है कि पावर सेक्टर के एनपीए को कम से कम करना ही सरकार का एक बड़ा लक्ष्य होगा।
साफ़ है कि ज़ोरदार जीत हासिल करने वाली मोदी सरकार पर काम करने का दबाव है। बिजली की कमी से परेशान लोगों की उम्मीदों को देखते हुए मोदी सरकार चाहती है कि देश में हर किसी को 24 घण्टे बिजली मुहैया हो सके। हालांकि, मोदी सरकार की योजना काफ़ी अच्छी है लेकिन इसे पूरा करने के लिए काफ़ी परेशानियों और चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है। अब देखते हैं कि इस योजना को कब तक मोदी सरकार लागू कर पाती है।
JUNE 05 (WTN) – लोकसभा चुनाव में प्रचण्ड जीत के बाद मोदी सरकार आने वाले पांच सालों में देश की जनता को 24 घण्टे बिजली मुहैया कराने की योजना पर काम कर रही है। अपनी इस महत्वाकांक्षी योजना को अमलीजामा पहनाने के लिए केन्द्र सरकार, राज्य सरकारों के भरोसे नहीं रहना चाहती है। मीडिया से मिली जानकारी के मुताबिक़, मोदी सरकार पूरे देश में 24 घण्टे बिजली पहुंचाने के लिए केन्द्रीय स्तर पर पावर डिस्ट्रीब्यूशन कम्पनी बनाने की योजना बना रही है जो कि पूरे देश में बिजली मुहैया कराएगी।
दरअसल, मोदी सरकार की प्लानिंग है कि देश मे विकास की गति को बनाए रखना है तो इसके लिए पूरे देश में लगातार 24 घण्टे बिजली की उपलब्धता सुनिश्चित होना चाहिए। बिजली की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए केन्द्र सरकार की एक कम्पनी बनाने की योजना है। वैसे इस योजना पर मोदी सरकार के पहले कार्यकाल में चर्चा हो चुकी है, लेकिन मोदी सरकार पार्ट टू में इस योजना को लागू करने के लिए तेज़ी से काम किया जा रहा है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि एनटीपीसी, पावर ग्रिड और पीएफसी की ज्वाइंट वेंचर कम्पनी बनाने की केन्द्र सरकार की योजना है, जो कि 24 घण्टे बिजली सपर्लाई के लिए ज़िम्मेदार होगी।
महत्वाकांक्षी योजना को ज़मीन पर उतारने के लिए ऊर्जा मंत्रालय ने सभी बिजली कम्पनियों से विस्तृत रिपोर्ट मंगाई है। कहा जा रहा है कि राज्यों के साथ भी इस कम्पनी का करार किया जाएगा। सरकार की योजना है कि जहां पर बिजली चोरी होती है और जो घाटे वाले इलाकों हैं वहां पर भी बिजली पहुंचाई जएगी ताकि बिजली की उपलब्धता से कोई भी वंचित ना रह जाए। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि बिजली चोरी और अन्य कारणों से बिजली वितरण करने वाली राज्यों की कम्पनियां ऐसी जगहों पर बिजली नहीं पहुंचाती हैं, क्योंकि उन्हें घाटे का डर लगा रहता है। कहा जा रहा है कि राज्यों की बिजली वितरण करने वाली कम्पनियां जब केन्द्रीय कम्पनी से करार करेंगी तो उनका घाटा कम होगा।
300 से ज़्यादा सीटें जीतने वाली भाजपा के नेतृत्व में बनी एनडीए की सरकार से जनता को काफ़ी अपेक्षाएं हैं। इसी कारण से मोदी सरकार पार्ट टू ने पावर सेक्टर के लिए 100 दिनों का एजेंडा बनाया है। सरकार की मंशा है कि पूरे देश में बिजली की 24 घण्टे उपलब्धता सुनिश्चित होना चाहिए। लेकिन इस योजना में कई दिक्कतों का सामना भी केन्द्र सरकार को करना पड़ सकता है। सबसे पहले तो पावर सेक्टर में सुधार करने की काफ़ी ज़रूरत है। वहीं थर्मल पावर प्लांट्स के बकाए के भुगतान के लिए भी एक कार्ययोजना बनानी होगी ताकि उनका बकाया पूरा हो सके।
वहीं बिजली वितरण करने वाली कम्पनियों की वित्तीय हालत सुधारने के लिए भी कार्ययोजना पर काम करना होगा। कहा जा रहा है कि इस योजना के तहत बिजली वितरण करने वाली कम्पनियों के घाटे को 15 प्रतिशत से कम करने की डेडलाइन इसके तहत तय की जाएगी। बिजली वितरण करने वाली कम्पनियों की वित्तीय हालात सुधारने के लिए उदय स्कीम-टू की कार्ययोजना पर भी काम जारी है।
ग्राहकों के साथ-साथ उद्योगों के लिए भी 24 घण्टे बिजली मुहैया कराने के लिए कार्ययोजना पर काम किया जा रहा है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि पावर सेक्टर में एनपीए 5.9 प्रतिशत के क़रीब है। कहा जा रहा है कि पावर सेक्टर के एनपीए को कम से कम करना ही सरकार का एक बड़ा लक्ष्य होगा।
साफ़ है कि ज़ोरदार जीत हासिल करने वाली मोदी सरकार पर काम करने का दबाव है। बिजली की कमी से परेशान लोगों की उम्मीदों को देखते हुए मोदी सरकार चाहती है कि देश में हर किसी को 24 घण्टे बिजली मुहैया हो सके। हालांकि, मोदी सरकार की योजना काफ़ी अच्छी है लेकिन इसे पूरा करने के लिए काफ़ी परेशानियों और चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है। अब देखते हैं कि इस योजना को कब तक मोदी सरकार लागू कर पाती है।