आप तो नहीं करते मोबाइल वॉलेट इस्तेमाल करते समय ‘यह’ ग़लतियां?
Saturday - October 19, 2019 3:57 pm ,
Category : WTN HINDI
मोबाइल वॉलेट का सावधानी से करें उपयोग
मोबाइल वॉलेट का प्रयोग करते समय रहें सतर्क, दिखाएं समझदारी
OCT 19 (WTN) – यदि आपके पास स्मार्टफ़ोन है, तो आप इसका इस्तेमाल बैंकिंग, बिलिंग और वित्तीय सम्बन्धित कामों के लिए ज़रूर ही करते होंगे। एक समय था जब इन कामों को पूरा करने के लिए आपका काफ़ी क़ीमत वक़्त बर्बाद होता था, वहीं अब यह सभी काम स्मार्टफ़ोन में ऐप्स के ज़रिये आसानी से चन्द सेकेण्डों में हो जाते हैं। वहीं नोटबंदी के बाद से भारत में डिजिटल ट्रांजैक्शन में काफ़ी वृद्धि हुई है और इसी कारण से डिजिटल ट्रांजैक्शन में यूज़र्स आजकल मोबाइल वॉलेट का ज़्यादा इस्तेमाल करने लगे हैं।
लेकिन आपकी जानकारी के लिए बता दें कि जहां मोबाइल वॉलेट से पेमेण्ट करना काफ़ी आसान है। वहीं, इसका इस्तेमाल करते हुए बेहद सावधानी बरतना भी ज़रुरी है। यदि आप भी डिजिटल पेमेण्ट्स के लिए मोबाइल वॉलेट का इस्तेमाल करते हैं, तो इसका इस्तेमाल करते समय आपको काफ़ी अलर्ट रहने की ज़रूरत है। आइये आपको बताते हैं कि मोबाइल वॉलेट का इस्तेमाल करते समय कौन-कौन सी ग़लतियां नहीं करना चाहिए।
सबसे पहले तो याद रखें कि मनी ट्रांजैक्शन के लिए आने वाले ओटीपी को कभी भी किसी से भी शेयर ना करें। मोबाइल वॉलेट कम्पनियां भी समय-समय पर अपने यूज़र्स को इस बारे में सूचित करती रहती हैं। इसी के साथ ही कभी भी फ़ोन कॉल, ई-मेल या फ़िर मैसेज के ज़रिये अपनी व्यक्तिगत या फ़िर या बैंक अकाउण्ट सम्बन्धित जानकारी किसी के भी साथ शेयर ना करें। याद रखें कि मोबाइल वॉलेट कम्पनियां कभी भी अपने यूज़र्स से इस तरह की व्यक्तिगत या फ़िर या बैंक अकाउण्ट सम्बन्धित जानकारियां फ़ोन कॉल, ई-मेल या फ़िर मैसेज के ज़रिये नहीं मांगती हैं।
वहीं स्मार्टफ़ोन में मोबाइल वॉलेट ऐप को हमेशा लॉगिन करके ना रखें। ऐसे में यदि आपका स्मार्टफ़ोन लॉक नहीं है या फ़िर स्मार्टफ़ोन गुम हो जाए या फ़िर चोरी हो जाए तो इस स्थिति में मोबाइल वॉलेट का कोई भी ग़लत इस्तेमाल कर सकता है। तो हमारी आपको सलाह है कि सबसे पहले तो स्मार्टफ़ोन को पासवर्ड, फिंगर सेंसर, पैटर्न लॉक या और किसी तरीक़े से हमेशा लॉक रखिये। वहीं मोबाइल वॉलेट ऐप को काम होने के बाद लॉगिन ना रखें।
जब भी मोबाइल वॉलेट का इस्तेमाल करें, उस समय इसके लिए सिर्फ़ सिक्योर कनेक्शन का ही इस्तेमाल करें। मोबाइल वॉलेट का इस्तेमाल करते समय हमेशा ही या तो मोबाइल का नेट इस्तेमाल करें या फ़िर घर का वाई-फाई कनेक्शन। पब्लिक वाई-फाई या फ़िर हॉटस्पाट का इस्तेमाल कर कभी भी मोबाइल वॉलेट के ज़रिये मनी ट्रांजैक्शन ना करें। यदि आप सिक्योर कनेक्शन का इस्तेमाल ट्रांजैक्शन के दौरान नहीं करते हैं, तो आपका वॉलेट हैक हो सकता है और आपकी बैंकिंग सम्बन्धित जानकारी हैकर्स को पता चल सकती है।
मोबाइल वॉलेट का इस्तेमाल करते समय यदि मनी ट्रांजैक्शन कर रहे हैं, तो कभी भी लेन-देन पूरा होने तक रिफ्रेश या बैक करने की ग़लती ना करें। आपके द्वारा ऐसा करने से आपका ट्रांजैक्शन फेल हो सकता है और आपका पैसा अटक सकता है। जब भी मोबाइल वॉलेट का इस्तेमाल करें, पूरी सावधानी और संयम के साथ मनी ट्रांजैक्शन या फ़िर अन्य कोई काम करें।
OCT 19 (WTN) – यदि आपके पास स्मार्टफ़ोन है, तो आप इसका इस्तेमाल बैंकिंग, बिलिंग और वित्तीय सम्बन्धित कामों के लिए ज़रूर ही करते होंगे। एक समय था जब इन कामों को पूरा करने के लिए आपका काफ़ी क़ीमत वक़्त बर्बाद होता था, वहीं अब यह सभी काम स्मार्टफ़ोन में ऐप्स के ज़रिये आसानी से चन्द सेकेण्डों में हो जाते हैं। वहीं नोटबंदी के बाद से भारत में डिजिटल ट्रांजैक्शन में काफ़ी वृद्धि हुई है और इसी कारण से डिजिटल ट्रांजैक्शन में यूज़र्स आजकल मोबाइल वॉलेट का ज़्यादा इस्तेमाल करने लगे हैं।
लेकिन आपकी जानकारी के लिए बता दें कि जहां मोबाइल वॉलेट से पेमेण्ट करना काफ़ी आसान है। वहीं, इसका इस्तेमाल करते हुए बेहद सावधानी बरतना भी ज़रुरी है। यदि आप भी डिजिटल पेमेण्ट्स के लिए मोबाइल वॉलेट का इस्तेमाल करते हैं, तो इसका इस्तेमाल करते समय आपको काफ़ी अलर्ट रहने की ज़रूरत है। आइये आपको बताते हैं कि मोबाइल वॉलेट का इस्तेमाल करते समय कौन-कौन सी ग़लतियां नहीं करना चाहिए।
सबसे पहले तो याद रखें कि मनी ट्रांजैक्शन के लिए आने वाले ओटीपी को कभी भी किसी से भी शेयर ना करें। मोबाइल वॉलेट कम्पनियां भी समय-समय पर अपने यूज़र्स को इस बारे में सूचित करती रहती हैं। इसी के साथ ही कभी भी फ़ोन कॉल, ई-मेल या फ़िर मैसेज के ज़रिये अपनी व्यक्तिगत या फ़िर या बैंक अकाउण्ट सम्बन्धित जानकारी किसी के भी साथ शेयर ना करें। याद रखें कि मोबाइल वॉलेट कम्पनियां कभी भी अपने यूज़र्स से इस तरह की व्यक्तिगत या फ़िर या बैंक अकाउण्ट सम्बन्धित जानकारियां फ़ोन कॉल, ई-मेल या फ़िर मैसेज के ज़रिये नहीं मांगती हैं।
वहीं स्मार्टफ़ोन में मोबाइल वॉलेट ऐप को हमेशा लॉगिन करके ना रखें। ऐसे में यदि आपका स्मार्टफ़ोन लॉक नहीं है या फ़िर स्मार्टफ़ोन गुम हो जाए या फ़िर चोरी हो जाए तो इस स्थिति में मोबाइल वॉलेट का कोई भी ग़लत इस्तेमाल कर सकता है। तो हमारी आपको सलाह है कि सबसे पहले तो स्मार्टफ़ोन को पासवर्ड, फिंगर सेंसर, पैटर्न लॉक या और किसी तरीक़े से हमेशा लॉक रखिये। वहीं मोबाइल वॉलेट ऐप को काम होने के बाद लॉगिन ना रखें।
जब भी मोबाइल वॉलेट का इस्तेमाल करें, उस समय इसके लिए सिर्फ़ सिक्योर कनेक्शन का ही इस्तेमाल करें। मोबाइल वॉलेट का इस्तेमाल करते समय हमेशा ही या तो मोबाइल का नेट इस्तेमाल करें या फ़िर घर का वाई-फाई कनेक्शन। पब्लिक वाई-फाई या फ़िर हॉटस्पाट का इस्तेमाल कर कभी भी मोबाइल वॉलेट के ज़रिये मनी ट्रांजैक्शन ना करें। यदि आप सिक्योर कनेक्शन का इस्तेमाल ट्रांजैक्शन के दौरान नहीं करते हैं, तो आपका वॉलेट हैक हो सकता है और आपकी बैंकिंग सम्बन्धित जानकारी हैकर्स को पता चल सकती है।
मोबाइल वॉलेट का इस्तेमाल करते समय यदि मनी ट्रांजैक्शन कर रहे हैं, तो कभी भी लेन-देन पूरा होने तक रिफ्रेश या बैक करने की ग़लती ना करें। आपके द्वारा ऐसा करने से आपका ट्रांजैक्शन फेल हो सकता है और आपका पैसा अटक सकता है। जब भी मोबाइल वॉलेट का इस्तेमाल करें, पूरी सावधानी और संयम के साथ मनी ट्रांजैक्शन या फ़िर अन्य कोई काम करें।