कहीं आप तो नहीं करते पैन कार्ड के इस्तेमाल के दौरान ‘यह’ ग़लती?
Monday - November 11, 2019 1:11 pm ,
Category : WTN HINDI
सही तरीक़े से करें पैन कार्ड का इस्तेमाल
पैन कार्ड में की ‘यह’ ग़लती को भरना पड़ सकता है 10,000 रुपये जुर्माना!
NOV 11 (WTN) – जैसा कि आप जानते हैं कि इनकम टैक्स रिटर्न भरने से लेकर बड़े वित्तीय लेनदेन तक के लिए पैन नम्बर की ज़रूरत होती है। वैसे आपके पास पैन नम्बर तो होगा ही और आप इसका इस्तेमाल करते ही होंगे। लेकिन आपकी जानकारी के लिए बता दें कि पैन नम्बर का सही तरीक़े से इस्तेमाल काफ़ी ज़रूरी है, क्योंकि यदि आपने पैन नम्बर का ग़लत तरीक़े से इस्तेमाल किया तो आपको परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। एक पैन कार्ड होल्डर को क्या-क्या सावधानियां बरतना चाहिए, आइये इसके बारे में आपको विस्तार से बताते हैं।
कई बार देखा गया है कि कोई भी वित्त सम्बन्धित फॉर्म भरते वक़्त पैन नम्बर मांगा जाता है, लेकिन कुछ लोगों से असावधानीवश पैन नम्बर की ग़लत जानकारी दर्ज हो जाती है। ऐसे में आपकी जानकारी के लिए बता दें कि कोई भी फॉर्म भरते समय पैन नम्बर की सही जानकारी दें। यदि किसी भी कारण से आपने किसी भी फॉर्म में पैन नम्बर की ग़लत जानकारी दे दी, तो ऐसी स्थिति में पैन नम्बर की ग़लत जानकारी देने पर आप पर 10,000 रुपये तक का जुर्माना लग सकता है।
इनकम टैक्स एक्ट के 1961 के सेक्शन 272B के तहत, इनकम टैक्स डिपार्टमेन्ट ग़लत पैन नम्बर देने पर 10,000 रुपये तक का जुर्माना लगा सकता है। वैसे आपकी जानकारी के लिए बता दें कि आयकर विभाग का यह नियम तब लागू होता है, जब कोई आयकर रिटर्न भरते समय या फ़िर बड़े वित्तीय लेनदेन वक़्त ग़लत पैन नम्बर दे देता है। पता हो कि इनकम टैक्स डिपार्टमेंट के पास कम से कम 20 ऐसे मामलों की सूची है, जहां पर पैन नम्बर देना अनिवार्य है। जैसे बैंक अकाउण्ट खोलते समय, वाहन खरीदते समय, म्यूचुअल फण्ड शेयर और डिबेन्चर ख़रीदते समय पैन नम्बर की जानकारी देना ज़रूरी है।
आपने देखा होगा कि कई बार कोई फॉर्म में पैन नम्बर भरने के बाद भी पैन कार्ड की फोटोकॉपी मांगी जाती है। ऐसा इसलिए, क्योंकि अगर आपने असावधानीवश या जल्दबाज़ी में ग़लत पैन नम्बर भर दिया है, तो पैन कार्ड की फोटोकॉपी के ज़रिये पता किया जा सके कि पैन नम्बर की जानकारी ग़लत तो नहीं दी गई है। आपको इस बात की जानकारी भी होना चाहिए कि यदि आपसे पैन कार्ड नम्बर मांगा जाता है लेकिन आपके पास पैन कार्ड नम्बर नहीं है तो आप पैन कार्ड नम्बर की जगह पर आधार नम्बर भी दे सकते हैं।
दरअसल, कुछ दिनों पहले ही सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि पैन नम्बर की जगह पर आधार नम्बर भी दिया जा सकता है। लेकिन, आपको बता दें कि यदि आपने आधार नम्बर की ग़लत जानकारी दी तो इसके लिए भी आप पर 10,000 रुपये का जुर्माना लग सकता है। इसके अलावा, बड़े लेनदेन में अगर पैन नम्बर या आधार नम्बर का उल्लेख नहीं है तो इसके लिए भी आयकर विभाग जुर्माना लगा सकता है।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि एक बार पैन कार्ड जारी होने के बाद आप इसके लिए दोबारा आवेदन नहीं कर सकते हैं, क्योंकि पैन कार्ड एक ही बार बनता है और यह जीवनभर के लिए वैध रहता है। वहीं आयकर विभाग के नियमों के अनुसार, किसी भी व्यक्ति को एक से अधिक पैन कार्ड रखने की अनुमति नहीं है। इनकम टैक्स एक्ट 1961 के सेक्शन 272B के तहत अगर किसी व्यक्ति के पास एक से ज़्यादा पैन कार्ड हैं तो इस मामले में सम्बन्धित व्यक्ति पर 10,000 रुपये का जुर्माना लग सकता है।
वहीं आपको पैन कार्ड और आधार कार्ड को एक दूसरे से लिंक कराना भी ज़रूरी है। यदि आपके पास एक से ज़्यादा पैन कार्ड हैं तो आप सिर्फ़ एक पैन कार्ड अपने पास रखकर बाक़ी पैन कार्ड्स को आयकर विभाग के सामने सरेण्डर कर दें। वहीं आपकी जानकारी के लिए बता दें कि 31 दिसम्बर 2019 के बाद जो भी पैन कार्ड, आधार कार्ड से लिंक नहीं रहेंगे उन पैन कार्ड्स को अवैध घोषित किया जा सकता है। ऐसे में हमारी आपको सलाह है कि जल्द से जल्द अपने पैन कार्ड को आधार कार्ड से लिंक करा लें।
NOV 11 (WTN) – जैसा कि आप जानते हैं कि इनकम टैक्स रिटर्न भरने से लेकर बड़े वित्तीय लेनदेन तक के लिए पैन नम्बर की ज़रूरत होती है। वैसे आपके पास पैन नम्बर तो होगा ही और आप इसका इस्तेमाल करते ही होंगे। लेकिन आपकी जानकारी के लिए बता दें कि पैन नम्बर का सही तरीक़े से इस्तेमाल काफ़ी ज़रूरी है, क्योंकि यदि आपने पैन नम्बर का ग़लत तरीक़े से इस्तेमाल किया तो आपको परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। एक पैन कार्ड होल्डर को क्या-क्या सावधानियां बरतना चाहिए, आइये इसके बारे में आपको विस्तार से बताते हैं।
कई बार देखा गया है कि कोई भी वित्त सम्बन्धित फॉर्म भरते वक़्त पैन नम्बर मांगा जाता है, लेकिन कुछ लोगों से असावधानीवश पैन नम्बर की ग़लत जानकारी दर्ज हो जाती है। ऐसे में आपकी जानकारी के लिए बता दें कि कोई भी फॉर्म भरते समय पैन नम्बर की सही जानकारी दें। यदि किसी भी कारण से आपने किसी भी फॉर्म में पैन नम्बर की ग़लत जानकारी दे दी, तो ऐसी स्थिति में पैन नम्बर की ग़लत जानकारी देने पर आप पर 10,000 रुपये तक का जुर्माना लग सकता है।
इनकम टैक्स एक्ट के 1961 के सेक्शन 272B के तहत, इनकम टैक्स डिपार्टमेन्ट ग़लत पैन नम्बर देने पर 10,000 रुपये तक का जुर्माना लगा सकता है। वैसे आपकी जानकारी के लिए बता दें कि आयकर विभाग का यह नियम तब लागू होता है, जब कोई आयकर रिटर्न भरते समय या फ़िर बड़े वित्तीय लेनदेन वक़्त ग़लत पैन नम्बर दे देता है। पता हो कि इनकम टैक्स डिपार्टमेंट के पास कम से कम 20 ऐसे मामलों की सूची है, जहां पर पैन नम्बर देना अनिवार्य है। जैसे बैंक अकाउण्ट खोलते समय, वाहन खरीदते समय, म्यूचुअल फण्ड शेयर और डिबेन्चर ख़रीदते समय पैन नम्बर की जानकारी देना ज़रूरी है।
आपने देखा होगा कि कई बार कोई फॉर्म में पैन नम्बर भरने के बाद भी पैन कार्ड की फोटोकॉपी मांगी जाती है। ऐसा इसलिए, क्योंकि अगर आपने असावधानीवश या जल्दबाज़ी में ग़लत पैन नम्बर भर दिया है, तो पैन कार्ड की फोटोकॉपी के ज़रिये पता किया जा सके कि पैन नम्बर की जानकारी ग़लत तो नहीं दी गई है। आपको इस बात की जानकारी भी होना चाहिए कि यदि आपसे पैन कार्ड नम्बर मांगा जाता है लेकिन आपके पास पैन कार्ड नम्बर नहीं है तो आप पैन कार्ड नम्बर की जगह पर आधार नम्बर भी दे सकते हैं।
दरअसल, कुछ दिनों पहले ही सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि पैन नम्बर की जगह पर आधार नम्बर भी दिया जा सकता है। लेकिन, आपको बता दें कि यदि आपने आधार नम्बर की ग़लत जानकारी दी तो इसके लिए भी आप पर 10,000 रुपये का जुर्माना लग सकता है। इसके अलावा, बड़े लेनदेन में अगर पैन नम्बर या आधार नम्बर का उल्लेख नहीं है तो इसके लिए भी आयकर विभाग जुर्माना लगा सकता है।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि एक बार पैन कार्ड जारी होने के बाद आप इसके लिए दोबारा आवेदन नहीं कर सकते हैं, क्योंकि पैन कार्ड एक ही बार बनता है और यह जीवनभर के लिए वैध रहता है। वहीं आयकर विभाग के नियमों के अनुसार, किसी भी व्यक्ति को एक से अधिक पैन कार्ड रखने की अनुमति नहीं है। इनकम टैक्स एक्ट 1961 के सेक्शन 272B के तहत अगर किसी व्यक्ति के पास एक से ज़्यादा पैन कार्ड हैं तो इस मामले में सम्बन्धित व्यक्ति पर 10,000 रुपये का जुर्माना लग सकता है।
वहीं आपको पैन कार्ड और आधार कार्ड को एक दूसरे से लिंक कराना भी ज़रूरी है। यदि आपके पास एक से ज़्यादा पैन कार्ड हैं तो आप सिर्फ़ एक पैन कार्ड अपने पास रखकर बाक़ी पैन कार्ड्स को आयकर विभाग के सामने सरेण्डर कर दें। वहीं आपकी जानकारी के लिए बता दें कि 31 दिसम्बर 2019 के बाद जो भी पैन कार्ड, आधार कार्ड से लिंक नहीं रहेंगे उन पैन कार्ड्स को अवैध घोषित किया जा सकता है। ऐसे में हमारी आपको सलाह है कि जल्द से जल्द अपने पैन कार्ड को आधार कार्ड से लिंक करा लें।