चीनियों की ‘विचित्र फूड हैबिट’ के कारण फैला कोरोना वायरस!
Wednesday - February 5, 2020 1:17 pm ,
Category : WTN HINDI
चीन में ‘महामारी’ बना कोरोना वायरस
कोरोना वायरस के रूप में अजीब फूड हैबिट का परिणाम भुगत रहे हैं चीनी!
FEB 05 (WTN) – चीन के वुहान शहर से फैला कोरोना वायरस चीन के लिए जानसेवा साबित होता जा रहा है। जानकारी के मुताबिक़, कोरोना वायरस के कारण चीन में अभी तक क़रीब 500 लोगों की जान जा चुकी है, वहीं क़रीब 25 हज़ार मरीज़ कोरोना वायरस से संक्रमित बताए जा रहे हैं। चीन सरकार का दावा है कि कोरोना वायरस संक्रमण वुहान शहर के हुनान सीफूड मार्केट से फैला है। हालांकि, कुछ मीडिया रिपोर्ट्स का दावा है कि जानलेवा संक्रमण कोरोना वायरस सीफूड मार्केट से नहीं, बल्कि वुहान में स्थित एक वायरोलॉजी लैब से फैला है। आरोप तो यहां तक लगाए जा रहे हैं कि चीन सरकार चोरी छिपे जैविक हथियार बनाने का प्रयास कर रही है।
ख़ैर जहां तक सीफूड मार्केट से कोरोना वायरस फैलने का दावा किया जा रहा है, तो आपकी जानकारी के लिए बता दें कि विचित्र खान-पान की आदतों के कारण चीन पूरी दुनिया में जाना जाता है। चीनी लोगों की खाने की आदतों पर सालों से सवाल उठते रहे हैं। दरअसल, दुनिया में फैली कई संक्रामक बीमारियां चीन से ही फैली हैं, और इन बीमारियों की वजह जीव जंतुओं का मांस रहा है। जीव जंतुओं से बीमारियों के वायरस इंसान में आते हैं, और फ़िर यह वायरस इंसान से इंसान में फैलने लगते हैं।
कोरोना वायरस फैलने के बाद चीन में विचित्र फूड हैबिट का विरोध होना शुरू हो गया है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि पूरी दुनिया का 50 प्रतिशत पशुधन अकेले चीन में है। और चीन के लोग जमीन पर रहने वाले, पानी में रहने वाले और आसमान में उड़ने वाले लगभग हर जीव, जंतु और पक्षी का मांस खाते हैं। चीन में मांसाहार को इतना ज़्यादा पसंद किया जाता है कि वहां पर कुत्त से लेकर सांप तक का मांस लोग खाते हैं।
आपको पढ़कर आश्चर्य होगा, लेकिन चीन के लोग सुअर के दिमाग को खाते हैं और जहरीले सांपों का सूप तक पीते हैं। दरअसल, चीन के हर छोटे बड़े शहर में मांस मण्डियां होती हैं, और इन मण्डियों में बड़ी तादात में हर जानवर का मांस बिकता है। लेकिन इन मांस मण्डियों में साफ़ सफ़ाई स्तरीय नहीं होती है, और ना ही यहां पर हाइजिन का ध्यान रखा जाता है। बता दें कि खाद्य सुरक्षा को लेकर चीन से कई बार अंतर्राष्ट्रीय एजेंसियां सवाल कर चुकी हैं।
बता दें कि सार्स हो या फ़िर कोरोना वायरस, इस तरह कि संक्रामक बीमारियों के पीछे चीन की विचित्र फूड हैबिट को ही सबसे बड़ा कारण माना जा रहा है। बात करें कोरोना वायरस की, तो कहां जा रहा है कि सांप ही इस वायरस की उत्पत्ति का कारण है, और चीनी लोग जहरीले से जहरीले सांप का सूप बड़े चाव से पीते हैं। कोरोना वायरस की उत्पत्ति की सबसे ख़ास वजह Chinese krait और Chinese cobra सांपों को माना जा रहा है, जो कि बेहद विषैले सांप हैं।
वैसे कोरोना वायरस के फैलने के बाद वुहान प्रांत की मांस मण्डियां बंद कर दी गई हैं। लेकिन इन मण्डियों के बंद होने से पहले यहां पर सांप, कुत्ते, बिल्ली और सूअर तक का मांस मिलता था। एक रिपोर्ट के मुताबिक़, चीनी लोग अपनी खान-पान की आदतों के कारण हमेशा से ही संक्रामक वायरस के शिकार होते रहे हैं। वैसे कोरोना वायरस चीन की अर्थव्यवस्था के लिए एक बहुत बड़ा झटका देकर जाने वाला है। बता दें कि कोरोना वायरस के कारण चीन की जीडीपी ग्रोथ रेट पर असर पड़ सकता है, और इसके कारण चीन को क़रीब 136 अरब डॉलर का नुकसान हो सकता है।
चीन में कोरोना वायरस के क़हर के कारण करोड़ों लोग अपने घरों में बंद हो गए हैं, जिसके कारण चीन की अर्थव्यवस्था को नुकसान हो रहा है। कई देशी और विदेशी कम्पनियों ने चीन में स्थित अपने संयंत्रों को अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिया है। साफ़ कहा जाए तो कोरोना वायरस के कारण चीन में इस समय अफरा तफरी का माहौल है। कोरोना वायरस के बाद जानवरों के प्रति चीन में इतना डर बैठ गया है कि लोग अपने घरों से पालतू जानवरों को मारकर बाहर फेंक रहे हैं।
ज़ाहिर है कि चीनी लोग अपने खाने पीने की अजीब आदतों के कारण ही समय-समय पर संक्रामक बीमारियों का शिकार होते रहे हैं। अब जबकि कोरोना वायरस चीन में महामारी बन गया है। ऐसे में चीन में लोग पालतू जानवरों तक से दूरी बनाने लगे हैं। यदि समय रहते चीनी लोगों ने अपनी खाने पीने की अजीब आदतों पर नियंत्रण नहीं रखा, तो सार्स और कोरोना वायरस जैसी संक्रामक बीमारियां चीन में फैलती रहेंगी, और लोगों की मौत होती रहेगी। अब चुंकि चीन से दुनिया के अन्य देशों के साथ व्यापारिक और राजनीतिक सम्बन्ध हैं। ऐसे में चीन में फैली कोई भी संक्रामक बीमारी पूरी दुनिया में फैलने की आशंका बनी रहती है। अब देखना होगा कि कोरोना वायरस से फैली महामारी के बाद कितने जल्दी चीनी लोग अपनी खाने पीने की आदतों में सुधार करते हैं?
FEB 05 (WTN) – चीन के वुहान शहर से फैला कोरोना वायरस चीन के लिए जानसेवा साबित होता जा रहा है। जानकारी के मुताबिक़, कोरोना वायरस के कारण चीन में अभी तक क़रीब 500 लोगों की जान जा चुकी है, वहीं क़रीब 25 हज़ार मरीज़ कोरोना वायरस से संक्रमित बताए जा रहे हैं। चीन सरकार का दावा है कि कोरोना वायरस संक्रमण वुहान शहर के हुनान सीफूड मार्केट से फैला है। हालांकि, कुछ मीडिया रिपोर्ट्स का दावा है कि जानलेवा संक्रमण कोरोना वायरस सीफूड मार्केट से नहीं, बल्कि वुहान में स्थित एक वायरोलॉजी लैब से फैला है। आरोप तो यहां तक लगाए जा रहे हैं कि चीन सरकार चोरी छिपे जैविक हथियार बनाने का प्रयास कर रही है।
ख़ैर जहां तक सीफूड मार्केट से कोरोना वायरस फैलने का दावा किया जा रहा है, तो आपकी जानकारी के लिए बता दें कि विचित्र खान-पान की आदतों के कारण चीन पूरी दुनिया में जाना जाता है। चीनी लोगों की खाने की आदतों पर सालों से सवाल उठते रहे हैं। दरअसल, दुनिया में फैली कई संक्रामक बीमारियां चीन से ही फैली हैं, और इन बीमारियों की वजह जीव जंतुओं का मांस रहा है। जीव जंतुओं से बीमारियों के वायरस इंसान में आते हैं, और फ़िर यह वायरस इंसान से इंसान में फैलने लगते हैं।
कोरोना वायरस फैलने के बाद चीन में विचित्र फूड हैबिट का विरोध होना शुरू हो गया है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि पूरी दुनिया का 50 प्रतिशत पशुधन अकेले चीन में है। और चीन के लोग जमीन पर रहने वाले, पानी में रहने वाले और आसमान में उड़ने वाले लगभग हर जीव, जंतु और पक्षी का मांस खाते हैं। चीन में मांसाहार को इतना ज़्यादा पसंद किया जाता है कि वहां पर कुत्त से लेकर सांप तक का मांस लोग खाते हैं।
आपको पढ़कर आश्चर्य होगा, लेकिन चीन के लोग सुअर के दिमाग को खाते हैं और जहरीले सांपों का सूप तक पीते हैं। दरअसल, चीन के हर छोटे बड़े शहर में मांस मण्डियां होती हैं, और इन मण्डियों में बड़ी तादात में हर जानवर का मांस बिकता है। लेकिन इन मांस मण्डियों में साफ़ सफ़ाई स्तरीय नहीं होती है, और ना ही यहां पर हाइजिन का ध्यान रखा जाता है। बता दें कि खाद्य सुरक्षा को लेकर चीन से कई बार अंतर्राष्ट्रीय एजेंसियां सवाल कर चुकी हैं।
बता दें कि सार्स हो या फ़िर कोरोना वायरस, इस तरह कि संक्रामक बीमारियों के पीछे चीन की विचित्र फूड हैबिट को ही सबसे बड़ा कारण माना जा रहा है। बात करें कोरोना वायरस की, तो कहां जा रहा है कि सांप ही इस वायरस की उत्पत्ति का कारण है, और चीनी लोग जहरीले से जहरीले सांप का सूप बड़े चाव से पीते हैं। कोरोना वायरस की उत्पत्ति की सबसे ख़ास वजह Chinese krait और Chinese cobra सांपों को माना जा रहा है, जो कि बेहद विषैले सांप हैं।
वैसे कोरोना वायरस के फैलने के बाद वुहान प्रांत की मांस मण्डियां बंद कर दी गई हैं। लेकिन इन मण्डियों के बंद होने से पहले यहां पर सांप, कुत्ते, बिल्ली और सूअर तक का मांस मिलता था। एक रिपोर्ट के मुताबिक़, चीनी लोग अपनी खान-पान की आदतों के कारण हमेशा से ही संक्रामक वायरस के शिकार होते रहे हैं। वैसे कोरोना वायरस चीन की अर्थव्यवस्था के लिए एक बहुत बड़ा झटका देकर जाने वाला है। बता दें कि कोरोना वायरस के कारण चीन की जीडीपी ग्रोथ रेट पर असर पड़ सकता है, और इसके कारण चीन को क़रीब 136 अरब डॉलर का नुकसान हो सकता है।
चीन में कोरोना वायरस के क़हर के कारण करोड़ों लोग अपने घरों में बंद हो गए हैं, जिसके कारण चीन की अर्थव्यवस्था को नुकसान हो रहा है। कई देशी और विदेशी कम्पनियों ने चीन में स्थित अपने संयंत्रों को अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिया है। साफ़ कहा जाए तो कोरोना वायरस के कारण चीन में इस समय अफरा तफरी का माहौल है। कोरोना वायरस के बाद जानवरों के प्रति चीन में इतना डर बैठ गया है कि लोग अपने घरों से पालतू जानवरों को मारकर बाहर फेंक रहे हैं।
ज़ाहिर है कि चीनी लोग अपने खाने पीने की अजीब आदतों के कारण ही समय-समय पर संक्रामक बीमारियों का शिकार होते रहे हैं। अब जबकि कोरोना वायरस चीन में महामारी बन गया है। ऐसे में चीन में लोग पालतू जानवरों तक से दूरी बनाने लगे हैं। यदि समय रहते चीनी लोगों ने अपनी खाने पीने की अजीब आदतों पर नियंत्रण नहीं रखा, तो सार्स और कोरोना वायरस जैसी संक्रामक बीमारियां चीन में फैलती रहेंगी, और लोगों की मौत होती रहेगी। अब चुंकि चीन से दुनिया के अन्य देशों के साथ व्यापारिक और राजनीतिक सम्बन्ध हैं। ऐसे में चीन में फैली कोई भी संक्रामक बीमारी पूरी दुनिया में फैलने की आशंका बनी रहती है। अब देखना होगा कि कोरोना वायरस से फैली महामारी के बाद कितने जल्दी चीनी लोग अपनी खाने पीने की आदतों में सुधार करते हैं?