इटली से आई सुखद ख़बर; कम हो रही है कोरोना वायरस कन्फर्म केसों की संख्या
कोरोना वायरस संक्रमण से सबसे ज़्यादा प्रभावित हुआ है इटली
APRIL 01 (WTN) - जैसा कि आप जानते ही हैं कि मानव सभ्यता के लिए इस समय कोरोना वायरस महामारी सबसे बड़ी चुनौती बनी हुई है। चीन के वुहान शहर से फैली कोरोना वायरस बीमारी 200 से ज़्यादा देशों में फैल चुकी है। लेकिन कोरोना वायरस के कारण सबसे ज़्यादा मौतें इटली में हो चुकी हैं। इस लेख को लिखे जाने तक इटली में अभी तक 12,248 लोगों की मौत हो गई है। वहीं इटली में अभी तक 1,05,792 लोग कोरोना वायरस से संक्रमित हैं।
कहा जा सकता है कि कोरोना वायरस संक्रमण बीमारी की सबसे बड़ी क़ीमत इटली ने चुकाई है। पिछले एक महीने से इटली में कोरोना वायरस संक्रमण के कारण मौतों का सिलसिला जारी है। और इसी कारण से लगभग पूरा इटली भयानक त्रासदी से गुजर रहा है। लेकिन लम्बे समय के बाद इटली से एक बढ़िया ख़बर आई है। जी हां, पिछले क़रीब एक हफ्ते के दौरान लगातार इटली में कोरोना वायरस संक्रमण के मामले लगातार कम हो रहे हैं और वहां राहत के संकेत मिल रहे हैं।
इटली से मिली जानकारी के मुताबिक़, वहां पर अब कोरोना वायरस संक्रमण के पॉजिटिव केसों की संख्या सबसे कम स्तर पर आ गई है, और अब पॉजिटिव केसों में वृद्धि की दर सिर्फ़ 4 प्रतिशत ही रह गई है। एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, चार दिन पहले की तुलना में कोरोना वायरस के कन्फर्म केसों की संख्या आधी रह गई है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि दो हफ्ते पहले जितने भी पॉजिटिव केस आ रहे थे, अब पॉजिटिव केस उससे चार गुना कम हो गए हैं।
इटली में कोरोना वायरस संक्रमण के केसों में कमी लाने के लिए इटली सरकार को अब तक की सबसे बड़ी चुनौती का सामना करना पड़ा है। सबसे पहले तो आपकी जानकारी के लिए बता दें कि इटली ने शुरू में कोरोना वायरस संक्रमण के खतरे को कम समझा और उससे निपटने में देरी की। जब तक इटली सरकार कोई बड़ा क़दम उठाती, कोरोना वायरस संक्रमण इटली में काफ़ी फैल चुका था। इटली सरकार ने 9 मार्च को पूरे देश में लॉकडाउन की घोषणा की, लेकिन तब तक काफ़ी देरी हो चुकी थी।
स्थिति नियंत्रण से बाहर होते देख इटली में लॉकडाउन को सख्ती से लागू किया गया। वहीं आइसोलेशन और सोशल डिस्टेंसिंग जैसे उपायों का भी कड़ाई से पालन किया गया। यही कारण है कि पिछले एक सप्ताह से इटली में लगातार कन्फर्म केसों की संख्या में कमी दर्ज़ की गई है। लेकिन कन्फर्म केसों में कमी के पीछे एक कारण जांचों में कमी भी हो सकती है। दरअसल, एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक़, पिछले कुछ दिनों में कम टेस्ट किए गए हैं, और इसी कारण से कन्फर्म केसों की संख्या कम लग रही है।
लेकिन कई जानकारों का मानना है कि कोरोना वायरस संक्रमण का सबसे भयानक दौर इटली से गुजर चुका है। यह बात सही है कि इटली ने सही समय पर यदि ज़रूरी क़दम उठा लिए होते तो आज यह हालात नहीं होते। ख़ैर, लेकिन अब इटली में धीरे-धीरे ही सही लेकिन हालात सामान्य होते जा रहे हैं। लेकिन अभी भी इटली को कोरोना वायरस संकट से पूरी तरह से निजात पाने के लिये एक लम्बा संघर्ष करना होग