संक्रमण के डर से करेंसी नोट्स के इस्तेमाल की जगह डिजिटल ट्रांजैक्शन की तरफ़ बढ़ा लोगों का रुझान
लॉकडाउन के दौरान डिजिटल ट्रांजैक्शन में दर्ज़ की गई तेज़ी
APRIL 20 (WTN) - जैसा कि आप जानते ही हैं कि कोरोना वायरस संक्रमण बीमारी से संक्रमित होने से बचने और संक्रमण की चैन तोड़ने के लिए पूरे भारत में 3 मई तक लॉकडाउन की अवधि बढ़ा दी गई है। लॉकडाउन के पहले चरण में 21 दिनों तक भारत में आर्थिक गतिविधियों पर रोक लग गई थी। अब जबकि लोग घरों से नहीं निकल रहे थे, तो ऐसे में कई तरह के भुगतान लोग इस दौरान डिजिटल तरीक़े से करने लगे। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि करेंसी नोट्स के ज़रिए भी कोरोना वायरस संक्रमण फैलने की आशंका है, ऐसे में एहतियात के तौर में लोग लॉकडाउन की अवधि के दौरान करेंसी नोट्स से कोरोनो वायरस संक्रमण से बचने के लिए पैसों के पेमेंट के लिए डिजिटल तरीक़ा ज़्यादा अपना रहे हैं।
भारत के केन्द्रीय बैंक भारतीय रिज़र्व बैंक (Reserve Bank of India) के डाटा के अनुसार, मार्च के महीने में बैंकों के RTGS (Real Time Gross Settlement) ट्रांजैक्शन में 34 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज़ की गई है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि इस साल मार्च के महीने में RTGS के ज़रिए 120.47 लाख करोड़ रुपये का ट्रांजैक्शन हुआ है, जबकि फरवरी के महीने में सिर्फ़ 89.90 लाख करोड़ रुपये का ही RTGS के ज़रिए ट्रांसजैक्शन हुआ था।
दरअसल, लॉकडाउन के कारण कैश और कैश आधारित सेवाओं में कमी दर्ज़ की गई है। अब चूंकि अधिकांश लोग लॉकडाउन के दौरान घर में ही हैं, ऐसे में डेबिट और क्रेडिट कार्ड के ज़रिए ATM से कैश निकासी में कमी दर्ज़ की गई है। करेंसी नोट्स में कोरोना वायरस संक्रमण की बात सामने आने के बाद लोगों ने नक़द भुगतान के बजाय डिजिटल तरीके से भुगतान को प्राथमिकता देना शुरु कर दिया है। इसी कारण से मार्च के तीसरे और चौथे हफ्ते में डिजिटल फाइनेंशियल ट्रांजैक्शन में तेज़ी दर्ज़ की गई है।
मीडिया से मिली जानकारी के मुताबिक़, मार्च के महीने में देशभर में कुल 552.26 करोड़ डिजिटल ट्रांजैक्शन हुए। इनमें से 107.78 करोड़ डिजिटल ट्रांजैक्शन।
मार्च महीने के पहले हफ्ते और 95.57 करोड़ डिजिटल ट्रांजैक्शन मार्च महीने के दूसरे हफ्ते में किए गए। वहीं मार्च महीने के तीसरे और चौथे हफ्ते में इन ट्रांजैक्शन में काफ़ी तेज़ी देखी गई, जबकि इस दौरान देश में कोरोना वायरस संक्रमण के मामले बढ़ते जा रहे थे। बता दें कि मार्च महीने के तीसरे हफ्ते में 124.73 करोड़ डिजिटल ट्रांजैक्शन हुए, वहीं तीसरे हफ़्ते में 224.16 करोड़ डिजिटल ट्रांजैक्शन रिकॉर्ड किए गए।
बता दें कि फरवरी 2020 की तुलना में मार्च के तीसरे और चौथे हफ़्ते के दौरान डिजिटल भुगतान में 15 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज़ की गई है। जहां तक प्रतिदिन डिजिटल भुगतान की बात है, तो आपकी जानकारी के लिए बता दें कि जनवरी के महीने में प्रतिदिन 16.8 करोड़ पेमेंट डिजिटल तरीके से हुए। वहीं फरवरी के महीने में 16.2 करोड़ डिजिटल तरीके से भुगतान हर दिन हुए। लेकिन मार्च के महीने में हर दिन डिजिटल ट्रांजैक्शन बढ़कर 18.5 करोड़ तक पहुंच गए। अब जबकि करेंसी नोट्स से कोरोना वायरस संक्रमण फैलने का ख़तरा है, ऐसे में हमारा आपसे अनुरोध है कि आप भी ज़्यादा से ज़्यादा डिजिटल तरीके से भुगतान करें क्योंकि इससे आप सुरक्षित रह सकते हैं।